फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Wrestlers Protest: अनुराग ठाकुर बोले- कानून सबके लिए समान, पहलवानों को मिला इस महिला भाजपा सांसद का साथ

Thu, 01 Jun 2023 01:11 PM IST
रोहित राज स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

अनुराग ठाकुर ने इससे पहले बुधवार (31 मई) को पहलवानों से धैर्य रखने की अपील की है। अनुराग ठाकुर ने कहा कि पहलवानों को जांच पर विश्वास करना चाहिए।
विज्ञापन
प्रीतम मुंडे, प्रदर्शनकारी पहलवान और अनुराग ठाकुर - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

खेल मंत्री अनुराग ठाकुर ने भारतीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ पहलवानों के विरोध को लेकर कहा कि वह मामले को संवेदनशील तरीके से देख रहे हैं। उन्होंने गुरुवार (एक जून) को यह भी कहा कि इस मुद्दे का राजनीतिकरण करने वाले सभी लोगों से मैं कहना चाहूंगा कि कानून सभी के लिए समान है और सभी खिलाड़ी हमारे लिए महत्वपूर्ण हैं।
विज्ञापन


अनुराग ठाकुर ने मुंबई में पत्रकारों से बात करते हुए कहा, ''हम इस मुद्दे (पहलवानों के विरोध) को बहुत ही संवेदनशील तरीके से हैंडल कर रहे हैं। खिलाड़ियों ने जो भी मांग की है, हम वो सब कर रहे हैं। दिल्ली पुलिस द्वारा चार्जशीट दायर करने के बाद आवश्यक कार्रवाई भी की जाएगी। इस मुद्दे का राजनीतिकरण करने वाले सभी लोगों से मैं कहना चाहूंगा कि कानून सभी के लिए समान है और सभी खिलाड़ी हमारे लिए महत्वपूर्ण हैं।''

अनुराग ठाकुर ने की थी धैर्य रखने की अपील
अनुराग ठाकुर ने इससे पहले बुधवार (31 मई) को पहलवानों से धैर्य रखने की अपील की है। अनुराग ठाकुर ने कहा कि पहलवानों को जांच पर विश्वास करना चाहिए। बजरंग पूनिया, विनेश फोगाट और साक्षी मलिक सहित कई पहलवान बृजभूषषण शरण सिंह के खिलाफ यौन शोषण के मामलों को लेकर धरने पर बैठे थे।
विज्ञापन


28 मई को संसद भवन की ओर मार्च करते समय खिलाड़ियों को पुलिस ने हिरासत में ले लिया था और उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की। इससे नाराज पहलवानों ने अपने मेडल को हरिद्वार जाकर गंगा में विसर्जित करने का फैसला किया। हालांकि, जब खिलाड़ी हरिद्वार गए तो उन्होंने किसान नेता नरेश टिकैत के कहने पर अपना फैसला बदल लिया।

महिला की शिकायत पर संज्ञान लिया जाना चाहिए: प्रीतम मुंडे
बीजेपी सांसद प्रीतम मुंडे ने कहा है कि किसी भी महिला की शिकायत पर संज्ञान लिया जाना चाहिए। मुंडे ने बुधवार को महाराष्ट्र के बीड जिले में संवाददाताओं से कहा कि बाद में अधिकारी तय कर सकते हैं कि शिकायत सही है या नहीं। मुंडे ने कहा, "मैं सांसद के तौर पर नहीं, बल्कि एक महिला के तौर पर कहती हूं कि अगर किसी महिला की तरफ से ऐसी शिकायत आती है तो उसका संज्ञान लिया जाना चाहिए। इसकी पुष्टि की जानी चाहिए। सत्यापन के बाद अधिकारियों को यह तय करना चाहिए कि यह उचित है या अनुचित।''

मुंडे ने आगे कहा, ''अगर संज्ञान नहीं लिया जाता है, तो लोकतंत्र में इसका स्वागत नहीं किया जाता है। इस मामले का संज्ञान अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लिया जा रहा है। अब अगर मैं जांच समिति की मांग करती हूं तो यह पब्लिसिटी स्टंट होगा। मुझे उम्मीद है कि इस मामले में कार्रवाई की जाएगी।"
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें