आगामी आइची-नागोया पैरा एशियन गेम्स के लिए चयन प्रक्रिया में कथित भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे पैरा निशानेबाजों ने शुक्रवार को केंद्रीय खेल मंत्री मनसुख मांडविया से मुलाकात की। खिलाड़ियों ने भारतीय पैरालंपिक समिति (पीसीआई) के कामकाज और खेल के प्रशासन में कथित अनियमितताओं को लेकर अपनी शिकायतें मंत्री के सामने रखीं। तीन सदस्यीय निशानेबाजों के प्रतिनिधिमंडल ने आरोप लगाया कि पीसीआई ने 18 अक्तूबर से शुरू होने वाले पैरा एशियन गेम्स के लिए चयन मानदंडों में ढील देकर चार ऐसे निशानेबाजों को टीम में जगह दी, जो निर्धारित योग्यताओं को पूरा नहीं करते थे।
चयन प्रक्रिया में पक्षपात का आरोप
एशिया में तीसरे स्थान पर काबिज पैरा पिस्टल निशानेबाज संदीप कुमार ने पहले भी चयन प्रक्रिया में पक्षपात का आरोप लगाया था। उनका दावा है कि महाद्वीपीय रैंकिंग में 14वें स्थान पर मौजूद रुद्रांश खंडेलवाल को उनसे और मौजूदा एशियाई नंबर एक आकाश से पहले चुन लिया गया। खिलाड़ियों ने चयन प्रक्रिया में कथित वित्तीय भ्रष्टाचार, जबरन वसूली और हेरफेर की स्वतंत्र जांच कराने की मांग की है।
खेल मंत्री ने सुनी खिलाड़ियों की शिकायतें
खेल मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक, मंत्री ने खिलाड़ियों की बातें सुनी हैं और उनकी समस्याओं का व्यावहारिक समाधान निकालने की कोशिश की जा रही है। अधिकारी ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया कि इस मामले को सुलझाने के सर्वोत्तम तरीके पर चर्चा जारी है।
इससे पहले बुधवार को खिलाड़ियों ने भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) के महानिदेशक को एक लिखित शिकायत सौंपी थी। इसमें उन्होंने पीसीआई के अधिकारियों और उसकी निशानेबाजी तकनीकी समिति पर कथित तौर पर अवैध धन वसूली, भ्रष्टाचार और खेल मंत्रालय के दिशा-निर्देशों के उल्लंघन के आरोप लगाए थे।
कोटा वापस करने पर पीसीआई के रुख से नाराज खिलाड़ी
खिलाड़ियों में इस बात को लेकर भी नाराजगी है कि चयन विवाद सामने आने के बाद पीसीआई ने कथित तौर पर खेलों के लिए मिले कोटे वापस कर दिए हैं। बैठक में शामिल एक निशानेबाज ने कहा कि पीसीआई का रुख है कि मामला मीडिया में उठने के बाद अब खिलाड़ियों के नाम भेजना उसके लिए अपमानजनक होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि समिति का कहना है कि कोटे वापस किए जा चुके हैं और अब कुछ नहीं किया जा सकता।
निशानेबाज ने कहा, 'हमने मंत्री को बताया कि पीसीआई खिलाड़ियों को नहीं भेजकर देश की पदक संभावनाओं को नुकसान पहुंचा रही है। इस नुकसान की भरपाई कौन करेगा?' खिलाड़ियों ने खेल मंत्री से मुलाकात से एक दिन पहले पैरा एशियाई खेलों में हिस्सा लेने जा रहे भारतीय दल के विदाई समारोह के दौरान भी विरोध प्रदर्शन किया था। अब उनकी शिकायतों के समाधान और चयन विवाद पर मंत्रालय के अगले कदम पर नजर रहेगी।