कजाकिस्तान की तीन महिला भारोत्तोलन खिलाड़ियों, जुल्फिया चिंशान्लो, माइया मानेजा और स्वेत्लाना पोदोबेदोवा, को करारा झटका लगा है। इन तीनों खिलाड़ियों से 2012 लंदन ओलंपिक में जीता गोल्ड मेडल वापिस ले लिया गया है। डोप टेस्ट में फेल होने के बाद इन खिलाड़ियों पर यह कार्रवाई की गई है।
इसके अलावा बीजिंग ओलंपिक के भी 6 पदक विजेताओं समेत कुल 9 अन्य खिलाड़ियों को 2008 बीजिंग ओलंपिक से भी डिस्क्वालिफाई कर दिया गया है। यह सभी खिलाड़ी भी डोप टेस्ट में फेल हो गए थे।
इसके अलावा बेलारूस की एक कांस्य पदक वेटलिफ्टर से भी उनका पदक वापिस ले लिया गया है। कार हादसे में जान गंवाने वाले सिल्वर मेडल विजेता रूसी रेसलर के खिलाफ दायर केस को वापस ले लिया गया।
गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक कमेटी डोप सैंपल को 10 साल तक संभाल कर रखती है। लंदन ओलंपिक और बीजिंग ओलंपिक में अब तक कुल 98 मामलों में खिलाड़ी डोप टेस्ट में फेल हुए हैं।