राजन (26) और प्राइस पाल (21) के दमदार खेल से पंजाब ने चौथे क्वॉर्टर में धैर्य दिखाकर दिल्ली को खेलो इंडिया स्कूल गेम्स में लड़कों की बास्केटबॉल के फाइनल में बृहस्पतिवार को यहां केडी जाधव स्टेडियम में 78-76 से हरा कर खिताब जीत लिया।
जय प्रकाश (16) और अंकित का बढ़िया खेल भी दिल्ली को हार से नहीं बचा पाया। दिव्यराज सिंह (30) के बेहतरीन खेल से मध्य प्रदेश ने हरियाणा को 89-84 से हराकर कांसा अपने नाम किया। श्रीकला आर (31) और एन मैरी (21) के बढ़िया खेल से केरल ने हरियाणा को लड़कियों के फाइनल में 90-47 से हराकर खिताब अपने नाम किया। कृतिका ढींगड़ा (19) और खुशी अहलावत (19) के बढ़िया खेल से दिल्ली ने कर्नाटक को 39-27 से हराकर कांसा जीता।
उत्तर प्रदेश के मोहम्मद अनस (11.00 अंक) ने जिम्नास्टिक के अंतिम में हॉरिजेंटल बार में बृहस्पतिवार को अंतिम दिन स्वर्ण पदक जीता जबकि दिल्ली के मोहम्मद इसा अनवर (10.9) ने सिल्वर और शायन शर्मा (10.85) ने ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया।
इलाहाबाद के अनस का यह इन खेलों का चौथा गोल्ड रहा। इलाहाबाद के अनस पहले दिन ऑल राउंड स्पर्धा में और बुधवार को वॉल्ट और पॉमेल हार्स स्पर्द्धा में स्वर्ण पदक जीत चुके हैं। जम्मू कश्मीर की बवलीन कौर ने लयबद्ध जिम्नास्टिक में रिबन में 11.05 अंकों और और क्लब्स में 12.55 अंकों के साथ स्वर्ण पदक जीते।
चौथी वरीयता प्राप्त मणिपुर के माइसनम मेरिबा ने बैडमिंटन में लड़कों के सिंगल्स फाइनल में सातवीं वरीयता प्राप्त उत्तर प्रदेश के आकाश यादव को 16-21, 21-14, 21-18 से हरा कर खिताब जीता। लड़कियों के सिंगल्स फाइनल में शीर्ष वरीयता प्राप्त महाराष्ट्र की मालविका बांसोद ने दूसरी वरीयता प्राप्त छत्तीसगढ़ की आकर्षि कश्यप को 21-12, 21-10से हराकर स्वर्ण पदक जीता।
चौथी वरीयता प्राप्त उत्तराखंड की उन्नति बिष्ट ने उत्तर प्रदेश की मालविका सिंह को 21-16, 21-14 से हराकर कांसा जीता । लड़कियों के डबल्स फाइनल में कर्नाटक की धीरजी यतीश अैर तृष्षा हेगड़े की जोड़ी ने उत्तर प्रदेश की दीपशिखा सिंह और लिखिता श्रीवास्तव की जोड़ी को 21-19, 21-17 से हराकर स्वर्ण पदक जीता।
उत्तर प्रदेश की स्मृद्धि सिंह और श्रुति मिश्रा की जोड़ी ने कर्नाटक की कीर्तना श्रॉफ और मेधा शशीधरन की जोड़ी को 21-17, 15-21, 21-12 से हरा कांसा अपने नाम किया। शीर्ष वरीयता प्राप्त तेलंगाना के नवनीत बोका और विष्णवर्द्बन गौड की जोड़ी ने पुरुष डबल्स फाइनल में केरल के अरविंद सुरेश और एडविन जोए की जोड़ी को 23-21, 21-16 से हरा स्वर्ण पदक जीता। तीसरी वरीयता प्राप्त हरियाणा के कुश चुघ और वरुण त्रिखा की जोड़ी कर्नाटक के अजिंक्य और तेजस की जोड़ी को 21-19,21-14 से हराकर कांसा जीता।
हरियाणा की कीर्ति ने अपनी बहन को लड़कियों के तीरंदाजी में रिकर्व फाइनल में हराकर स्वर्ण पदक जीता। रिकर्व में लड़कों का स्वर्ण पंजाब क विनायक वर्मा ने जीता। रिकर्व में लड़कों के फाइनल में हरियाणा एक स्वर्ण, दो सिल्वर और एक ब्रॉन्ज के साथ तीरंदाजी में शीर्ष पर रहा।
कंपाउंड में लड़कों के आंध्र प्रदेश के वेंकटादरी ने फाइनल में एक तीर के मुकाबले में हरियाणा के हर्ष पराशर को 10-9 से हराकर गोल्ड मेडल जीता। कंपाउंड में लड़कियों का स्वर्ण महाराष्ट्रकी इशा केतन पवार ने जीता।
हरियाणा को अंतिम दिन जूडो में दो गोल्ड: हरियाणा ने अंतिम दिन दो और स्वर्ण जीतने के साथ कुल पांच गोल्ड, एक सिल्वर और छह ब्रॉन्ज के साथ कुल 12 मेडल के साथ शीर्ष पर रहा। 90 कि. ग्रा. वजन वर्ग में अभिनव और 70 कि.ग्रा. से ज्यादा वजन वर्ग में संयोगिता सिंह ने हरियाणा को अंतिम दिन ये स्वर्ण पदक दिलाए। आशिमा सिंह ने 70 कि.ग्रा. से कम वजन वर्ग में दिल्ली को पहला स्वर्ण पदक दिलाया।
समीक्षा और रेणु के दो -दो तथा मोना के एक गोल की बदौलत हरियाणा ने मणिपुर पर लड़कियों के फुटबॉल फाइनल में 5-4 से जीत के साथ खिताब जीता। पराजित मणिपुर के लिए बेबीसाना ने दो और बेबीडॉली देवी और लक्ष्मी देवी ने एक-एक गोल किया।
वहीं ललनुनजामा, लालपुअनतुलुआंगा और जवनमिंगथना के एक -एक गोल से मिजोरम ने पंजाब को लड़कों के फाइनल में 3-2 से हरा चैंपियन बनने का गौरव पाया। पराजित पंजाब के लिए रोहित शेख और सुखविंदर सिंह एक-एक गोल किया।
भारोत्तोलन में मणिपुर की टीम दांव पर लगे कुल 15 गोल्ड में पांच गोल्ड और एक सिल्वर के साथ शीर्ष पर रही। महाराष्ट्र ने तीन गोल्ड सहित 19 मेडल जीते जबकि तेलंगाना ने दो गोल्ड जीते जबकि पांच अन्य राज्यों ने एक-एक गोल्ड मेडल अपने नाम किया।
मणिपुर की अब्राहम अंजू देवी ने 75 कि. ग्रा. वजन वर्ग में कुल 175 कि.ग्रा (स्नैच में 75 कि.ग्रा और क्लीन-जर्क में 100 कि. ग्रा. वजन) उठाकर अंतिम मुकाबले में स्वर्ण पदक जीता। भरतवीर ने 94 कि. ग्रा. वजन वर्ग में कुल 217 कि. ग्रा. वजन उठाकर दिल्ली को भारोत्तोलन का पहला स्वर्ण पदक दिलाया।
खेलो इंडिया खेलो के तहत इन दिनों दिल्ली में स्थित पंडित जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम में चल रही 17 आयु वर्ग की राष्ट्रीय फुटबॉल प्रतियोगिता के फाइनल मुकाबले में प्रदेश की टीम ने मणिपुर की टीम को 5-4 के अंतर से मात देकर ट्रॉफी पर कब्जा कर लिया है।
पीटीआई हरेंद्र ढाका ने बताया कि प्रदेश की टीम में गांव अलखपुरा की आधा दर्जन बेटियों ने हिस्सा लिया था। उन्होंने बताया कि वीरवार को प्रदेश की टीम का फाइनल मुकाबला मणिपुर के साथ हुआ। बेटियों ने मणिपुर को मात देकर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। उन्होंने बताया कि प्रदेश की टीम में गांव अलखपुरा निवासी दीपिका समोता, बनिता राय, रीतू रानी बगडिय़ा, तनुजा जाखड़, करुणा बडसरा, रविना यादव, निशा बगड़िया, सुषमा चौहान, प्रमिला आदि ने हिस्सा लिया।
इसके अलावा पंचकूला से सुनैना कंबोज, सोनीपत से रीना, सोनीपत से ही वर्षा, झज्जर से नेहा, अंबाला से गौरी, फरीदाबाद से टीना, कुरूक्षेत्र से सुनीता, यमुनानगर से लवी, कुरूक्षेत्र से पिंकी, करनाल से सोनिया भी टीम भी शामिल रही।
प्रदेश की टीम की कमान भी गांव अलखपुरा की बेटी समीक्षा जाखड़ के हाथों में रही। उन्होंने बताया कि फाइनल मुकाबले के दौरान टीम की कैप्टन समीक्षा जाखड़ ने दो, हिसार के मंगाली गांव की रेणु ने दो व इसी गांव की मोना ने प्रतिद्वंदी टीम पर एक गोल दागा और प्रतियोगिता पर कब्जा जमा लिया।