ओलंपिक ब्रॉन्ज मेडलिस्ट गगन नारंग का मानना है निशानेबाजी के पास अन्य खेलों की तुलना में आउटडोर ट्रेनिंग सुविधाओं का जल्द शुरू करने का वास्तविक मौका है तो दूसरी ओर शूटिंग में गोल्ड मेडल पर निशाना लगाकर इतिहास रचने वाले अभिनव बिंद्रा तो पूरा भरोसा है कि शूटिंग में ही भारत को एक और ओलंपिक गोल्ड मिल सकता है।
लंदन ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता नारंग ने कहा, 'निशानेबाजी दोबारा शुरू होने वाले शुरुआती खेलों में शामिल हो सकता है क्योंकि यह आपसी संपर्क का खेल नहीं है जिसमें निशानेबाजों के पास अपना व्यक्तिगत सामान होता है। शूटिंग रेंज में सामाजिक दूरी से जुड़े नियमों का पालन हो सकता है क्योंकि 10 मीटर रेंज में दो प्रतिभागियों के बीच कम से कम एक से डेढ़ मीटर की दूरी होती है जबकि 50 मीटर रेंज में यह दूरी 1.25 मीटर की होती है।'
वहीं भारत के पूर्व निशानेबाज अभिनव बिंद्रा का मानना है कि भारत जल्द ही ओलंपिक में एक और व्यक्तिगत स्वर्ण पदक अपने नाम करेगा। बिंद्रा ने 2008 में बीजिंग ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीता था और वह इसी के साथ ओलंपिक में भारत के लिए व्यक्तिगत स्वर्ण जीतने वाले पहले खिलाड़ी बने थे। उन्होंने कहा कि वह टोक्यो ओलंपिक में भारत के ज्यादा से ज्यादा पदक जीतने की उम्मीद कर रहे हैं।
बिंद्रा ने एक शो पर कहा, 'मैं निश्चित तौर पर उम्मीद कर रहा था कि इस साल जुलाई अगस्त में मैं व्यक्तिगत स्वर्ण पदक जीतने वाला इकलौता भारतीय नहीं रहूंगा। मुझे लगता है कि हम जल्द ही ज्यादा स्वर्ण पदक जीतेंगे। अलग-अलग खेलों में युवा खिलाड़ी अच्छा कर रहे हैं। मुझे उम्मीद है कि अब 2021 में होने वाले खेलों के लिए खिलाड़ी ट्रेनिंग जारी रखेंगे और खेलों पर ध्यान देंगे।'