सर्बिया के नोवाक जोकोविच ने 16 साल का इंतजार समाप्त करते हुए पेरिस ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीता। पुरुष एकल के फाइनल मुकाबले में जोकोविच ने स्पेन के कार्लोस अल्कारेज को हराकर करियर में पहली बार ओलंपिक स्वर्ण पदक अपने नाम किया। इस जीत के बाद जोकोविच ने 2028 में होने वाले लॉस एंजिलिस ओलंपिक में खेलने की इच्छा जताई। जोकोविच अगले ओलंपिक तक 41 वर्ष के हो चुके होंगे। 37 वर्षीय जोकोविच टेनिस एकल वर्ग के इतिहास में ओलंपिक स्वर्ण जीतने वाले सबसे उम्रदराज खिलाड़ी हैं।
जोकोविच ने कहा, यह मेरे लिए सबसे बड़ी जीत में से एक है और काफी विशेष अहसास है। मैं लॉस एंजिलिस में खेलना चाहता हूं और ओलंपिक खेलों में अपने देश का प्रतिनिधित्व करना पसंद करता हूं। मुझे अब तक लगता था कि 2012 में अपने देश का ध्वजवाहक होना सबसे अच्छा अहसास था।
एलीट सूची में शामिल हुए जोकोविच
जोकोविच ने इससे पहले अपने करियर में एक बार ओलंपिक पदक जीता था। जोकोविच 2008 बीजिंग ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने में सफल रहे थे, लेकिन पेरिस में वह स्वर्ण हासिल करने में सफल हुए। इस ऐतिहासिक जीत के साथ ही जोकोविच आंद्रे एगासी, राफेल नडाल, स्टेफी ग्राफ और सेरेना विलियम्स की एलीट सूची में शामिल हो गए, जिन्होंने सभी चार ग्रैंडस्लैम जीतने के अलावा ओलंपिक एकल में स्वर्ण जीतकर गोल्डन स्लैम पूरा किया है।
अल्कारेज से विंबलडन फाइनल में मिली हार का बदला चुकता किया
रिकॉर्ड 24 बार के ग्रैंडस्लैम विजेता अल्कारेज ने टेनिस में हर बड़ा खिताब अपने नाम कर लिया है। उनके नाम सबसे ज्यादा ग्रैंडस्लैम जीतने का रिकॉर्ड था। बस कमी थी तो ओलंपिक स्वर्ण की, जिसे उन्होंने पा लिया है। इसी तरह जोकोविच ने अल्कारेज से विंबलडन फाइनल में मिली हार का बदला भी चुकता कर लिया। अल्कारेज ने लगातार दो साल विंबलडन के फाइनल में जोकोविच को मात दी थी। जोकोविच ने कहा कि अंतिम शॉट तक वह जीत को लेकर आश्वस्त नहीं थे और ओलंपिक स्वर्ण जीतने के लिए अपना सबकुछ झोंक देना चाहते थे।