किसी भी स्पोर्ट्स में खेलने वाला खिलाड़ी अपने भविष्य को लेकर चिंतित रहता है। अगर स्पोर्ट्स में वह अपना भविष्य नहीं देख पाएगा तो उसका मनोबल टूट जाएगा। स्पोर्ट्स में बेहतर प्रदर्शन करने के बाद भी अगर उसका लाभ नहीं मिलेगा तो वह बेहतर नहीं कर पाएगा। सरकार जिस तरह स्पोर्ट्स ढांचे को बढ़ावा दे रही है वैसी ही उसे खिलाड़ियों को नौकरी भी देनी चाहिए।
वालीबॉल में और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी बनें, इसके लिए क्या करना चाहिए...
पिछले कुछ समय से प्रदेश सरकार स्पोर्ट्स ढांचे को बढ़ावा दे रही है। वालीबॉल खेल के बुनियादी ढांचे में पहला पड़ाव मैदान होता है। अगर हम भविष्य में बेहतर खिलाड़ी चाहते हैं तो एक स्पोर्ट्स हॉस्टल होना चाहिए। इसमें प्रदेश के टीम एक साथ रहे और आने वाली प्रतियोगिताओं के लिए एक साथ तैयारी करे।
स्पोर्ट्स पॉलिसी नहीं होने से खिलाड़ियों का खेल के प्रति जुनून कुछ समय बाद कम होने लगता है। सरकार को चाहिए, जल्द स्पोर्ट्स पॉलिसी लागू करे। बता दें कि सकलेन ने हॉल में हुई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में टीम इवेंट में सिलवर जीता था, लेकिन अग तक न सरकार और न ही काउंसिल ने उन्हें सम्मानित किया है।
भविष्य में क्या रहे हैं और खिलाड़ियों के लिए क्या संदेश है...
हर खिलाड़ी के पास एक लक्ष्य होना चाहिए। मेरा एक लक्ष्य था, जिससे मुझे अच्छी दिशा मिली। खिलाड़ियों को अपने खेल पर फोकस करना चाहिए। अभी मैं ओलांपिक्स क्वालिफायर कैंप में भाग लेने जा रहा हूं, उम्मीद है टीम में चयन होगा।