भारती महिला हॉकी टीम को पांच मैचों की सीरीज के पहले ही मुकाबले में मेजबान स्पेन के हाथों 0-3 से शिकस्त का सामना करना पड़ा। दोनों टीमों के बीच यह बराबरी का मुकाबला था पर स्पेन ने गोल करने के मौकों को अच्छी तरह से भुनाया। स्पेन की ओर से लिला रियरा (48वें और 52मिनट) में दो, जबकि बर्टा बोनास्त्रे (06 मिनट) ने एक गोल किया।
मेजबान टीम पहले क्वार्टर में दबदबा बनाया और 26 वर्षीय बोनास्त्रे ने छठे ही मिनट में गोल दागकर अपनी टीम को एक-शून्य की बढ़त दिला दी। इसके बाद भी उसने बढ़त दोगुनी करने के कई प्रयास कर पर भारतीय रक्षा पंक्ति ने उन्हें नाकाम कर दिया। भारतीय कप्तान रानी रामपाल के पास 14वें मिनट में गोल करने का शानदार मौका था पर वह उसे भुना नहीं पाईं और उनका शॉट बाहर चला गया। भारत ने दूसरे क्वार्टर में अच्छी शुरुआत की।
अनुपा बार्ला का 19वें मिनट में गोल पर जमाया गया शॉट गोलकीपर मारिया रूइज ने बचा दिया। अगले मिनट में ही रानी को मौका मिला लेकिन वह फिर से चूक गईं। भारत को 24वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर मिला लेकिन शॉट बाहर चला गया। इसके दो मिनट बाद स्पेन ने जवाबी हमला किया, लेकिन गोलकीपर सविता ने यह संकट टाल दिया। वहीं, तीसरे क्वॉर्टर के शुरू में भी उन्होंने पेनल्टी कार्नर पर गोल होने से बचाया। दूसरी तरफ रानी के शॉट का मारिया रूइज ने अच्छा बचाव किया।
अंतिम क्वॉर्टर में भारतीय टीम बराबरी का गोल करने के लिये बेताब दिखी। उसने आक्रामक तेवर अपनाए लेकिन तभी सुनीता लाकड़ा के सिर पर गेंद लगी और रेफरी ने स्पेन को पेनल्टी स्ट्रोक दे दिया। रियरा ने 48वें मिनट में इसे गोल में बदला। इसके 4 मिनट बाद रियरा ने पेनल्टी कार्नर पर ड्रैग फ्लिक से गोल किया। इसके बाद स्पेनिश टीम ने सारी ताकत गोल बचाने में लगायी और अच्छे अंतर से जीत दर्ज की।