सीपरी बाजार स्थित हीरोज ग्राउंड के कायाकल्प की तैयारी है। झांसी विकास प्राधिकरण (जेडीए) ने इसकी विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर ली है। प्रशासन की भी हरी झंडी मिल गई है। टेंडर प्रक्रिया पूरी कर अगले महीने काम शुरू कर दिया जाएगा।
हीरोज ग्राउंड को हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद की कर्मभूमि के नाम से जाना जाता है। यहां मेजर हॉकी का अभ्यास किया करते थे, जबकि खेल से सन्यास लेने के बाद वे यहां नवोदित खिलाड़ियों को हॉकी की बारीकियां सिखाते थे। यहां मेजर ध्यानचंद की समाधि भी है। हालांकि, खेल सुविधा के नाम पर चारों ओर से बाउंड्रीवाल से घिरा एक समतल मैदान भर है लेकिन प्रशासन ने अब इसका कायाकल्प करने की तैयारी कर ली है।
जेडीए द्वारा बनाई गई कार्ययोजना के तहत ग्राउंड की नई बाउंड्रीवाल बनाई जाएगी। अंदर ग्राउंड के चारों ओर पांच फीट चौड़ा सिंथेटिक वॉकिंग ट्रैक बनाया जाएगा। ये शहर का पहला सिंथेटिक ट्रैक होगा। ये रबड़ की तरह होगा, जिससे इस पर दौड़ने व घूमने वालों को सहूलियत रहेगी। इस ट्रैक के समानांतर ढाई फीट का कच्चा ट्रैक भी तैयार किया जाएगा। बीचों बीच खिलाड़ियों के लिए टर्फ ग्राउंड होगा। ग्राउंड के चारों ओर लाइटिंग रहेगी, जिससे डे-नाइट मैच भी आसानी से खेले जा सकेंगे। दर्शकों के बैठने के लिए शेड भी बनाए जाएंगे।
संजोई जाएगी ध्यानचंद की विरासत
हीरोज ग्राउंड के कायाकल्प की योजना के तहत यहां संग्रहालय भी बनाया जाएगा, जिसमें मेजर ध्यानचंद से जुड़ी वस्तुओं को रखा जाएगा। मसलन, उनकी हॉकी, मेडल व अन्य सामग्री। साथ ही पुरानी फोटो के जरिए मेजर के जीवनवृत्त को दर्शाया जाएगा। उनसे जुड़ा साहित्य भी संग्रहालय में होगा।
लेजर शो में नजर आएंगे दद्दा
हीरोज ग्राउंड में पर्यटन विभाग हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद के जीवन और उनके खेल प्रदर्शन को रोचक अंदाज में दिखाएगा। इसके लिए वह लेजर शो का प्रोजेक्ट बना रहा है, जो लगभग 15 करोड़ रुपये का है। इस शो का प्रदर्शन प्रतिदिन होगा। पर्यटन विभाग के उपनिदेशक आरके रावत ने बताया कि लेजर शो का प्रोजेक्ट तैयार किया जा रहा है। इसमें अन्य विभागों का भी सहयोग लिया जा रहा है। शासन की मंजूरी के बाद काम शुरू कर दिया जाएगा। लेजर शो में मेजर हॉकी ग्राउंड में खेलते नजर आएंगे, इससे पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
छह महीने में होगा कायाकल्प
हीरोज ग्राउंड को मेजर ध्यानचंद के नाम की गरिमा के अनुरूप बनाया जा रहा है। इसकी टेंडर प्रक्रिया अंतिम दौर में है। अगले महीने काम शुरू कर दिया जाएगा। छह महीने में काम पूरा कर लिया जाएगा। - शिवसहाय अवस्थी, डीएम।