आज षटतिला एकादशी के दिन न करें ये गलतियां
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Shattila Ekadashi 2022: प्रत्येक वर्ष माघ मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी को षटतिला एकादशी का व्रत रखा जाता है। इस साल षटतिला एकादशी का व्रत आज यानी 18 जनवरी को रखा जा रहा है। इस दिन जगत के पालनहार भगवान श्री हरि विष्णु की विधि-विधान से पूजा की जाती है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार इस दिन स्नान-दान का विशेष महत्व है। इस दिन किसी पवित्र नदी में स्नान के बाद तिल का दान करने से स्वर्ग की प्राप्ति होती है। साथ ही भगवान विष्णु की भी पूजा में तिल का प्रयोग किया जाता है। कहा जाता है कि इस दिन जो व्यक्ति जितना तिल दान करता है, उसे उतने हजार वर्ष तक स्वर्ग में स्थान प्राप्त होता है। हालांकि ज्योतिष में ऐसे कुछ कार्यों का वर्णन है, जिन्हें षटतिला एकादशी के दिन करने की मनाही है। मान्यता है कि इन कार्यों को करने से व्यक्ति को भविष्य में कई परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। चलिए जानते हैं कौन से वे कार्य हैं...
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आज षटतिला एकादशी पर भूलकर भी न करें ये काम
- हिंदू धर्म में एकादशी तिथि को बहुत पवित्र और शुभ माना जाता है। इस दिन जगत के पालनहार की पूजा की जाती है। ऐसे में इस दिन भूलकर भी तामसिक भोजन का सेवन नहीं करना चाहिए। एकादशी के दिन प्याज-लहसुन के अलावा मांस-मदिरा का भी सेवन नहीं करना चाहिए।
- आज यानी षटतिला एकादशी के दिन अपने क्रोध पर संयम रखना चाहिए। साथ ही इस दिन किसी से वाद-विवाद करने से भी बचें और न ही झूठ बोलें, अन्यथा भविष्य में आर्थिक तंगी झेलनी पड़ सकती है।
- ज्योतिष में मान्यता है कि षटतिला एकादशी के दिन जो व्यक्ति व्रत रखता है, उसे पूर्ण रूप से ब्रह्मचर्य व्रत का पालन करना चाहिए। संभव हो तो इस दिन व्यक्ति को जमीन में ही विश्राम करना चाहिए।
- षटतिला एकादशी के दिन चावल के अलावा बैंगन आदि का सेवन भी नहीं करना चाहिए। इन चीजों का सेवन करने से व्यक्ति के लिए बैकुंठ के द्वार बंद हो जाते हैं। साथ ही इस दिन पेड़-पौधों को भी नुकसान नहीं पहुंचाना चाहिए। इन नियमों का पालन कर भगवान विष्णु की कृपा पाई जा सकती है।
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