कार्तिक माह हिन्दू पंचांग का महत्वपूर्ण महीना होता है। यह महीना 1 नवंबर से शुरू हो रहा है और 30 नवंबर को समाप्त होगा। कार्तिक महीना त्योहारों और दान-पुण्य का महीना माना जाता है। इस महीने में कई धार्मिक अनुष्ठान और कार्यक्रम होंगे। इस महीने में खासतौर पर तुलसी और शालिग्राम की विशेष पूजा और आराधना की जाएगी।
यह महीना त्योहारों का महीना भी होगा। इस महीने में व्रत, स्नान और दान करने से तमाम तरह के पापों से मुक्ति मिल जाती है। कार्तिक माह को बहुत ही पवित्र माना जाता है। कार्तिक माह में पूजा तथा व्रत से ही तीर्थयात्रा के बराबर शुभ फलों की प्राप्ति हो जाती है।
भगवान शिव के पुत्र कार्तिकेय ने इसी महीने में तारकासुर राक्षस का वध किया था इस कारण से इस महीने का नाम कार्तिक पड़ा। कार्तिक माह में भगवान कार्तिकेय और तुलसी की भी विशेष पूजा की जाती है। साथ ही इसी महीने तुलसी विवाह भी होता है।
इस महीने विवाहित महिलाएं करवा चौथ का व्रत रखेंगी। जिसमें महिलाएं अपनी पति की लंबी आयु के लिए व्रत रखेंगी। कार्तिक माह बहुत ही पवित्र माना जाता है। भारत के सभी तीर्थों के समान पुण्य फलों की प्राप्ति एक इस माह में मिलती है।
इस माह में की पूजा तथा व्रत से ही तीर्थयात्रा के बराबर शुभ फलों की प्राप्ति हो जाती है इसके अलावा इसी महीने दीपावली, धनतेरस, रमा एकादशी और आंवला नवमी जैसे बड़े त्योहार होंगे। आइए जानते हैं कार्तिक महीने में कौन-कौन से बड़े व्रत-त्योहार होंगे।
कार्तिक माह के व्रत एवं त्योहार
4 नवंबर- करवा चौथ व्रत
8 नवंबर- अहोई अष्टमी व्रत, राधाष्टमी
11 नवंबर- रमा एकादशी व्रत
13 नवंबर- मासिक शिवरात्रि, धनतेरस
14 नवंबर- दिवाली, नरक चतुर्दशी
15 नवंबर- गोवर्धन पूजा, कार्तिक अमावस्या
16 नवंबर- भैया दूज, वृश्चिक संक्रांति
20 नवंबर- छठ पूजा
05 नवंबर- अक्षय आंवला नवमी
25 नवंबर- तुलसी विवाह, देवप्रबोधनी एकादशी
30 नवंबर- कार्तिक पूर्णिमा, गुरुनानक जयंती