फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रुद्राक्ष से लेकर तुलसी की माला तक, जानिए जाप करने के नियम और फायदे

Mon, 06 Jul 2020 07:29 AM IST
विनोद शुक्ला धर्म डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
1 of 9
माला जप के फायदे
हर एक धर्म में पूजा-पाठ और प्रार्थना करने के अलग-अलग तरीके होते हैं। हिंदू धर्म में पूजा और मंत्रों का जाप करना बहुत ही उपयोगी और जरूरी माना गया है। किसी भी धार्मिक प्रतिष्ठान, त्योहार, व्रत या पूजा-पाठ को करते समय मंत्रों का जाप करना काफी प्रभावशाली होता है। अलग-अलग पूजा में अलग-अलग मालाओं का प्रयोग किय जाता है। आइए जानते हैं माला के जप के फायदे और इसका महत्व...
विज्ञापन

2 of 9
Mantra Jaap Mala
मंत्र जाप और माला
मंत्र जाप में माला का उपयोग करने के से एकाग्रता बढ़ती है। मंत्रजाप के लिए उपयोग में ली जाने वाली माला हमेशा 108 या 27 दाने की होनी चाहिए। मंत्र जाप करते समय माला पूरी तरह से ढ़की होनी चाहिए। मंत्र जाप के बाद माला को प्रणाम करने के बाद इसे मंदिर में रखना चाहिए।
विज्ञापन

3 of 9
Chandan Ki Mala
चंदन की माला
चंदन की माला का प्रयोग काफी समय से किया जाता रहा है। यह दो प्रकार की होती है। सफेद चंदन की माला और लाल चंदन की माला।  शक्ति की साधना में लाल चंदन की माला से तो वहीं भगवान कृष्ण के मंत्र का जप सफेद चंदन की माला से किया जाता है। इस माला के मंत्र जप से मनोकामना बहुत जल्दी पूर्ण होती है। 

4 of 9
Sfatik Ki Mala
स्फटिक की माला 
मंत्र का जाप करते हुए स्फटिक की माला का भी प्रयोग किया जाता है। धन प्राप्ति और मन की एकाग्रता के लिए इस माला का उपयोग किया जाता है। इस माला के प्रभाव से उसके पास किसी भी तरह की नकारात्मक शक्ति नहीं फटक पाती। मां लक्ष्मी के मंत्रों का जाप इसी माला से करना शुभ फलदायी होता है।। वहीं जिनका रक्तचाप उच्च हो उनके लिए इस माला को पहनना काफी फायदेमंद होता है।
विज्ञापन

5 of 9
Rudraksh Ki Mala
रुद्राक्ष की माला
मंत्रों का जाप करते समय इस माला का उपयोग सबसे ज्यादा किया जाता है। भगवान शिव को रुद्राक्ष बेहद ही प्रिय होती है। इसलिए महामृत्युंजय मन्त्र का जाप रुद्राक्ष की माला से ही करना चाहिए। मान्यता कि रुद्राक्ष की माला से मंत्र जाप करने देवाधिदेव भगवान शिव बहुत जल्दी प्रसन्न होते हैं। रुद्राक्ष की माला का अन्य देवताओं के लिए किए जाने वाले जप में भी प्रयोग किया जाता है।
विज्ञापन

6 of 9
Vyjayanthi Ki Mala
वैजयंती की माला
वैजयंती की माला भगवान कृष्ण को बहुत प्रिय होती है।। भगवान कृष्ण की कृपा पाने के लिए वैष्णव भक्त इस माला को विशेष रूप से धारण करते हैं। वैजयंती की माला से मंत्र जप करने से भगवान विष्णु शीघ्र प्रसन्न होकर अपने भक्तों की मनोकामना पूर्ण करते हैं। इस माला से जाप करने से व्यक्ति के आत्मविश्वास में वृद्धि और सभी कार्यों में सफलता मिलती है।
विज्ञापन

7 of 9
Haldi Ki Mala
हल्दी की माला  
हल्दी का प्रयोग किसी भी पूजा में बहुत ही शुभ मानी जाती है। भगवान गणेश और देवगुरु बृहस्पति हल्दी की माला से जप करने पर शीघ्र प्रसन्न होते हैं। संतान एवं ज्ञान की प्राप्ति के लिए इस माला से विशेष रूप से जप किया जाता है। हल्दी की माला से मां बगलामुखी का जप करने से उनकी शीघ्र कृपा होती है।

8 of 9
Tulsi Ki Mala
तुलसी की माला
हिंदू धर्म में तुलसी के पौधे और तुलसी की माला को बहुत ही पवित्र माना जाता है। मंत्रों के जाप करते समय तुलसी की माला का प्रयोग भी सबसे ज्यादा किया जाता है। मान्यता है कि तुलसी की माला धारण करने और भगवान विष्णु के मंत्रों का जाप करने से यश, कीर्ति और समृद्धि बढ़ती है। इस पवित्र माला से जप करने पर साधक को कई यज्ञ करने का पुण्य प्राप्त होता है। लेकिन तुलसी की माला से देवी और भगवान शिव के मंत्र का जाप नहीं किया जाता। 
विज्ञापन

9 of 9
Kamalgatte ki Mala
कमलगट्टे की माला
कमलगट्टे की माला लक्ष्मीजी को प्रिय होती है। इसी कारण से जीवन में धन और वैभव के लिए और मां लक्ष्मी के मंत्रों की सिद्धि के लिए कमलगट्टे की माला का प्रयोग किया जाता है। इस माला के मंत्र जाप से माता लक्ष्मी शीघ्र प्रसन्न हो जाती हैं और साधक को सुख-समृद्धि का वरदान प्रदान करती हैं। कमलगट्टे की माला को विधि-विधान से धारण करें और इसी माला से मां लक्ष्मी के मंत्र का जाप करें। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें