Shukra Pradosh 2021: साल 2021 को साल का अंतिम प्रदोष व्रत पड़ रहा है। इस बार प्रदोष शुक्रवार को पड़ रहा है इसलिए इसे शुक्र प्रदोष व्रत भी कहते हैं। हिन्दू पंचांग के अनुसार प्रदोष व्रत त्रयोदशी तिथि पर रखा जाता है। यह व्रत भगवान शंकर को समर्पित होता है। प्रत्येक मास यह व्रत दो बार पड़ता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार प्रदोष व्रत का बहुत अधिक महत्व है। मान्यता है यदि प्रदोष व्रत पर विधि विधान से पूजा की जाए तो भगवान शंकर व्यक्ति की सभी मनोकामनाएं पूरी करते हैं। दिसंबर माह में साल का अंतिम प्रदोष व्रत पौष मास के कृष्ण पक्ष पर पड़ेगा। वार के साथ मिलकर प्रदोष व्रत अलग-अलग योग बनाता है, जैसे शुक्र को प्रदोष तिथि होने पर शुक्र प्रदोष बनता है। आइए जानते हैं शुक्र प्रदोष पर किए जाने वाले इन उपायों से आप अपने शुक्र दोष को समाप्त कर सकते हैं।