शिमला के सुन्नी तहसील के गढेरी गांव की रहने वाली सुषमा वर्मा ने हैंडबॉल और वॉलीबाल में भी नेशनल तक खेल चुकी हैं। क्रिकेट का सफर शिमला में तब शुरू हुआ, जब वह पोर्टमोर स्कूल में 11वीं की छात्रा थीं।
शिमला के समरहिल में हुए ट्रायल में उनका एचपीसीए क्रिकेट अकादमी के लिए चयन हुआ। 2009 से 2014 तक एचपीसीए से प्रशिक्षण लेने के बाद सुषमा ने हिमाचल टीम की अगुवाई की।
बाद में बतौर विकेट कीपर टीम इंडिया में उनका चयन हो गया।पांच नवंबर 1992 को जन्मी सुषमा वर्मा अब तक 30 वन डे, 19 टी-20 और एक टेस्ट मैच खेल चुकी हैं। समरहिल में हुए ट्रायल में उनका एचपीसीए क्रिकेट अकादमी के लिए चयन हुआ।
2009 से 2014 तक एचपीसीए से प्रशिक्षण लेने के बाद सुषमा ने हिमाचल टीम की अगुवाई की। बाद में बतौर विकेटकीपर टीम इंडिया में उनका चयन हो गया। साल 2015 से अब तक सुषमा टीम की नियमित खिलाड़ी बन गई है। सुषमा वर्तमान में इंडिया-ए टीम से बतौर विकेट कीपर खेल रही हैं।