फाइबर से बना विंडप्रूफ रेस्क्यू हट अब रोहतांग के बर्फीले तूफान से राहगीरों की जान बचाएगा। 13050 फुट ऊंचे रोहतांग दर्रा में लाहौल-स्पीति प्रशासन ने राहगीरों को मुश्किल घड़ी में राहत देने के मकसद से विंडप्रूफ रेस्क्यू हट स्थापित किया है। इसमें एकसाथ करीब दर्जन भर राहगीर पनाह ले सकेंगे।
रेस्क्यू हट में रोहतांग की विषम भौगोलिक परिस्थितियों से सामना करने के लिए सभी जरूरी उपकरण और समान मौजूद रहेगा। बर्फीली हवाओं के बीच ठंड से बचने के लिए हट में बाकायदा ईंधन की भी व्यवस्था होगी। बर्फबारी के बाद रोहतांग दर्रा वाहनों की आवाजाही के लिए बंद हो जाता है।
ऐसे में लोग पैदल ही दर्रे को आर-पार करते हैं। रोहतांग की बर्फीली हवाओं और जटिल भौगोलिक पृष्ठभूमि के कारण कई लोग बर्फ में अपनी जान भी गंवा चुके हैं। बीते दस साल के भीतर करीब 55 लोग रोहतांग दर्रे के आसपास अपनी जान गंवा चुके हैं। इनमें कुछ पर्यटक भी शामिल हैं।