मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने सोमवार से तीन दिन अंधड़ और बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। मैदानी और मध्य पर्वतीय क्षेत्रों में 5 जून तक मौसम खराब रहेगा। पांच जून तक पूरे प्रदेश में बारिश-बर्फबारी के आसार हैं।
हिमाचल प्रदेश में शनिवार को आधी रात के बाद तूफान ने लोगों की नींद उड़ा दी। कहीं पेड़ गिर गए तो कहीं बिजली गुल हो गई। प्रदेश भर में एक दर्जन से ज्यादा पेड़ गिरे हैं। कांगड़ा के जवाली मेंगोशाला पर पेड़ गिरने से एक बैल की मौत हो गई। नाहन में पेड़ की बड़ी शाखा गिरने से गाड़ी का शीशा टूट गया जबकि पाइप लाइन ध्वस्त हो गई। बिजली की लाइनें क्षतिग्रस्त होने से बिजली भी गुल रही।
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ऊना के गरेट के दियोली में रिहायशी मकान के नजदीक तुणी और आम के पेड़ गिरे। शनि देव मंदिर के पीछे और पिरथीपुर गांव में बिजली बाधित रही। गोंदपुर बनेहड़ा में पेड़ गिरने से रास्ता बाधित हो गया। चंबा में भी देवदार का पेड़ गिर गया। जिला कांगड़ा में आम, सेब और लीची के बागवानों को चौबीस घंटों के भीतर 7.77 लाख की चपत लगी है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने सोमवार से तीन दिन अंधड़ और बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है।
मैदानी और मध्य पर्वतीय क्षेत्रों में 5 जून तक मौसम खराब रहेगा। पांच जून तक पूरे प्रदेश में बारिश-बर्फबारी के आसार हैं। 10 जून के बाद से प्रदेश में प्री मानसून की बौछारें पड़ने के आसार हैं जबकि 25 जून को मानसून दस्तक दे सकता है। शनिवार देर रात राजधानी शिमला समेत प्रदेश के कई इलाकों में झमाझम बारिश भी हुई है। ऊंचाई वाले इलाकों में फिर हलका हिमपात हुआ है। रविवार को शिमला समेत प्रदेश के अन्य जिलों में दिन भर मौसम शुष्क रहा।