शिमला। राजधानी शिमला के हजारों लोगों को पानी के भारी भरकम बिलों से फिलहाल राहत नहीं मिलेगी। वीरवार को प्रदेश सचिवालय में आयोजित शिमला जल प्रबंधन निगम लिमिटेड की निदेशक मंडल की बैठक में इस मुद्दे पर सहमति नहीं बन सकी। शहर के 18 मर्ज एरिया वार्डों में रहने वाले हजारों लोगों को घरेलू दरों पर पानी कनेक्शन देने के मुद्दे पर भी कोई निर्णय नहीं हो सका। मुख्य सचिव डॉ. श्रीकांत बाल्दी की अध्यक्षता में बैठक का आयोजन किया गया।
निदेशक मंडल की बैठक के दौरान पानी के भारी भरकम बिलों से शहर की जनता को राहत दिलाने के मुद्दे पर चर्चा की गई। निदेशक मंडल के सदस्यों ने इस प्रस्ताव को यह तर्क देते हुए नकार दिया कि शहर में सप्लाई हो रहे प्रति हजार लीटर पानी पर 120 रुपये खर्च आ रहा है जबकि सरकार से मिल रहे अनुदान की मदद से लोगों को यह पानी 14.50 रुपये में उपलब्ध करवाया जा रहा है।
डिप्टी मेयर राकेश कुमार शर्मा ने बैठक के दौरान शहर के 18 मर्ज एरिया वार्डों के लोगों को पानी के घरेलू कनेक्शन देने और व्यावसायिक कनेक्शनों को घरेलू कनेक्शनों में बदलने की स्वीकृति देने का मामला उठाया। बैठक में चर्चा के दौरान लोगों को राहत देने के लिए नगर निगम के बॉयलाज में बदलाव करने और बिना नक्शे के बने मकानों को सरकार द्वारा वन टाइम सेटलमेंट के तहत नियमित होने के बाद राहत देने की बात कही। मर्ज एरिया वार्डों में बने अधिकतर भवन बिना नक्शा पास किए बने हैं। भवन की कंपलीशन न होने से इन्हें घरेलू कनेक्शन नहीं दिए गए हैं। भवनों का घरेलू इस्तेमाल होने के बावजूद लोगों को व्यावसायिक दरों पर पानी के बिल चुकाने पड़ रहे हैं।
मुख्य सचिव श्रीकांत बाल्दी के आदेशों पर अब 25 सिंतबर को निदेशक मंडल की एक और बैठक होगी जिसमें मर्ज एरिया वार्डों के लोगों को राहत देने पर विचार विमर्श होगा। बैठक में नगर निगम महापौर कुसुम सदरेट, उप महापौर राकेश कुमार शर्मा, निगम आयुक्त पंकज राय, जल निगम के प्रबंध निदेशक धर्मेंद्र गिल, गैर सरकारी सदस्य दिग्विजय चौहान और सेवानिवृत्त चीफ इंजीनियर राकेश कुमार मल्होत्रा मौजूद रहे।
प्री बिड करवाई जाए : बाल्दी
बैठक के दौरान मुख्य सचिव श्रीकांत बाल्दी ने जल प्रबंधन निगम को ऐसे टेंडरों में जहां सिर्फ एक कंपनी ही काम लेने के लिए आई है प्री बिड करवाने के निर्देश दिए। कहा कि सिंगल कंपनी हो तो पारदर्शिता पर सवाल उठते हैं इसलिए टेंडर की शर्तों में थोड़ी राहत देकर प्री बिड करवाई जानी चाहिए ताकि टेंडर में अधिक कंपनियां भाग लें।
संजौली में जनवरी से 24
घंटे सातों दिन मिलेगा पानी
बीओडी के दौरान कंपनी ने एक बार फिर संजौली क्षेत्र के तीन वार्डों इंजनघर, संजौली और सांगटी में 24 घंटे सातों दिन पानी की सप्लाई देने का दावा किया। घरों पर लगी पानी की टंकियों को हटा कर स्वच्छ पानी उपलब्ध करवाया जाएगा। पानी को यू वी तकनीक से ट्रीट करने का भी दावा किया गया।
सतलुज से पानी लाने को बनेगा रेजरवायर
सतलुज से शिमला के लिए पानी लाने को दो चरणों में 1600 मीटर तक पानी लिफ्ट कर रेजरवायर तक पहुंचाया जाएगा। यहां से पाइप लाइन बिछा कर 2023 तक पानी शिमला तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है।
सीवरेज सुविधा से जुड़ेगा पंथाघाटी और मैहली
जल प्रबंधन निगम के प्रबंध निदेशक धर्मेंद्र गिल ने बताया कि बीओडी की बैठक में पंथाघाटी मैहली क्षेत्र को सीवरेज सुविधा से जोड़ने के लिए 27 करोड़ रुपये खर्च करने और मल्याणा के सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट को अपग्रेड करने तथा नया प्लांट लगाने पर 23 करोड़ खर्च करने का निर्णय लिया है।