मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष पर बिना नाम लिए फिर हमला बोला है। उन्होंने कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि पार्टी कार्यालय में बैठे रहने और षड्यंत्र रचने से कोई संगठन नहीं चलता।
अध्यक्ष को कार्यालय से निकलकर लोगों के बीच पहुंचना होता है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी का कामकाज अभी तक सिर्फ दफ्तर से होता रहा है। संगठन की मौजूदा हालत पर चिंता जताते हुए सीएम ने कहा कि एक दूसरे के खिलाफ षड्यंत्र रचकर कोई बड़ा नहीं हो सकता है।
दफ्तर के कमरों में बैठकर संगठन चलाने से पार्टी का भला नहीं होगा। लोगों में पैठ बनाकर पार्टी मजबूत होगी। वीरभद्र सिंह ने कहा- मैं खुद पांच बार पार्टी का प्रदेशाध्यक्ष रहा, लेकिन मैंने अपने समय में कभी ऐसे हालात बनने नहीं दिए।
सोलन के अर्की में मंगलवार को जनसभा में मुख्यमंत्री ने कांग्रेस के पदाधिकारियों और सक्रिय सदस्यों से आह्वान किया कि वे आगामी दिनों में होने वाले पीसीसी चुनाव पर अपना पूरा ध्यान केंद्रित करें। संगठनात्मक चुनाव के लिए अपने-अपने आवेदन भी दें।
सीएम ने कहा कि भाजपा हमेशा अनाप-शनाप बयानबाजी कर उन्हें निशाना बनाती रही है। आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की ही सरकार बनेगी। भाजपा बदले की भावना से काम करती है जिसका जवाब चुनाव में लोग देंगे।