राजस्थान के बाद अब उत्तराखंड भी हिमाचल प्रदेश को बैलेट बॉक्स देने के लिए राजी हो गया है। राज्य चुनाव आयोग पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव में मतदान के लिए दोनों राज्यों से मतपेटियां लेगा। दोनों राज्यों से कुल 4500 मतपेटियां मंगवाई जा रही हैं।
पड़ोसी राज्य पंजाब और हरियाणा ने हिमाचल को यह कहकर मतपेटियां देने से मना कर दिया था कि उनके प्रदेशों में चुनाव कराए जाने हैं। ऐसे में अगर बर्फबारी वाले क्षेत्रों में मतपेटियां फंस गईं तो उन्हें परेशानी हो सकती है।
राज्य चुनाव आयोग के अधिकारियों ने बताया कि आयोग को पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव के लिए 26 हजार मतपेटियों की दरकार है। प्रदेश की 3615 पंचायतों में चुनाव करवाए जाने हैं। इन पंचायतों के 21,384 वार्डों में चुनाव होने हैं। पंचायत समिति के 1792 वार्डों और जिला परिषद के 249 वार्डों के लिए चुनाव होंगे।
आयोग के अधिकारियों के अनुसार राज्य चुनाव आयोग ने पड़ोसों राज्यों को मतपेटियां उपलब्ध करवाने के लिए पत्र लिखे थे। पहले राजस्थान ने मतपेटियां देने पर सहमति दी। अब उत्तराखंड भी मतपेटियां देने को सहमत है। मतदान से कुछ दिन पहले दोनों राज्य मतपेटियां भेजेंगे।