इसके बाद दूतावास के अधिकारी दो दिसंबर को दूसरे भारतीय नागरिकों से भी मिले। उन्होंने उनके सुरक्षित होने की सूचना दी है। रियाद में भारतीय दूतावास के अधिकारी भी प्रत्यर्पण केंद्र के संबंधित अधिकारियों से मिले हैं और भारतीय नागरिकों को शीघ्र भारत भेजने की मांग की गई है।
दूतावास ने हरसंभव सहायता देने और उनके भारत सुरक्षित लौटने की प्रक्रिया को सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया है। बता दें कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से भारतीय नागरिकों की रिहाई का मामला निजी तौर पर सऊदी अरब के अधिकारियों से उठाने का आग्रह किया था।
प्रत्यर्पण केंद्र में बंद मंडी के हरविंद्र सिंह ने मंगलवार दोपहर फोन पर पत्नी सरोज को बताया कि उनके आयोजक दो लोगों को छुड़ाने के बाद अब श्याम लाल निवासी डडोह, बल्ह (मंडी) को अपने साथ ले गए हैं। उन्हें फिर से बंधुआ मजदूर बनाने का डर है। वह अब उसके साथ नहीं जाना चाहते।
सभी लोग स्वदेश लौटना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि मालिक बार-बार जेल पहुंच कर धमका रहा है। सरोज ने आरोप लगाए कि सुंदरनगर पुलिस ने अभी तक शिकायतकर्ता परिजनों के बयान दर्ज नहीं किए हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से इस मामले में संज्ञान लेने की मांग की है।