सीएम से शिकायत की कि हिमकोफेड में कांग्रेस विचारधारा से जुडे़ कुछ लोग सहकारी सभाओं को प्रोत्साहित करने के बजाय इन्हें हतोत्साहित कर रहे हैं। भाजपा की विचारधारा से जुडे़ लोगों को इसमें जाने से रोका जा रहा है। वे मामले में हस्तक्षेप करें। सूत्रों ने बताया कि मुख्यमंत्री कार्यालय ने ये मामला छानबीन को पंजीयक सहकारी सभाएं को भेज दिया है।
पंजीयक सहकारी सभाएं डा. आरएन बत्ता ने कहा कि अभी मामला उनके पास पहुंचा नहीं है। वे इसके पहुंचने के बाद ही कुछ कह पाएंगे। उधर, जिला सहकारी फेडरेशन शिमला के सचिव गोपाल झिल्टा ने कहा कि हिमकोफेड की मनमानी के खिलाफ पंजीयक सहकारी सभाएं के पास अपील होगी।
इसी तरह का घमासान कांगड़ा सहकारी बैंक के अध्यक्ष पद के लिए भी हो चुका है। पिछले दिनों चला ये घमासान ठंडा हुआ है तो अब ये नया विवाद खड़ा हो गया है। सार्वजनिक क्षेत्र का स्वायत्त उपक्रम हिमकोफेड सहकारी सभाओं से जुडे़ प्रशिक्षण और अन्य कार्यक्रमों का आयोजन करता है।