कोकसर के समीप बर्फ देखने पहुंचे सैलानी।
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अटल टनल रोहतांग को पार कर सैलानियों को बर्फ का दीदार करने के लिए करीब तीन से चार किमी पैदल चलना पड़ रहा है। कोकसर में प्रशासन के आदेश के बाद पुलिस ने बैरियर लगाया है। इससे आगे सैलानियों के वाहनों को जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है। तर्क दिया जा रहा है कि अगर पर्यटक वाहनों को कोकसर से आगे ग्रांफू स्नो प्वाइंट तक भेजा गया तो जाम की समस्या हो सकती है। इससे पुलिस और प्रशासन की परेशानी बढ़ेगी। लिहाजा, कोकसर चेक पोस्ट से आगे टैक्सियां और सैलानियों के निजी वाहन नहीं जाने दिए जा रहे हैं।
मनाली की तरफ से रोहतांग दर्रा बंद होने के बाद पर्यटक अटल टनल से कोकसर होते हुए ग्रांफू पहुंच रहे हैं। कोकसर से ग्रांफू की दूरी करीब छह किमी है। कोकसर के स्थानीय लोग भी चाहते हैं कि सैलानियों के वाहनों को ग्रांफू तक जाने की छूट मिलनी चाहिए। स्नो प्वाइंट तक नहीं पहुंचने से सैलानियों को कोकसर से ही मनाली लौटना पड़ रहा है। स्पोर्ट्स एंड एडवेंचर क्लब कोकसर के प्रधान सुनील ने कहा कि सैलानियों के वाहनों को ग्रांफू तक जाने की छूट मिलनी चाहिए।
सैलानियों को स्नो प्वाइंट तक जाने की दें अनुमति
जिला पर्यटन अधिकारी का पदभार संभाल रहे अतिरिक्त उपायुक्त रोहित शर्मा ने कहा कि कोकसर से आगे सुरक्षा कारणों से पर्यटक वाहनों को नहीं छोड़ा जा रहा है। कोकसर से आगे स्थानीय लोगों के फोर बाई फोर वाहनों से सैलानियों को स्नो प्वाइंट तक ले जाने की अनुमति दी गई है। कोकसर चेक पोस्ट में पर्यटक वाहनों को रोकने का मनाली टैक्सी यूनियन ने विरोध किया है।
छह हजार सैलानियों के लिए महज छह शौचालय
अटल टनल खुलने के बाद कोकसर एक नए पर्यटन स्थल के तौर पर उभरा है। यहां रोजाना करीब छह हजार पर्यटक पहुंच रहे हैं। यहां महज छह शौचालय स्थापित किए गए हैं। इनमें दो खुद कोकसर के ग्रामीणों ने लगाए हैं।
पर्यटकों को कोकसर जाने के लिए भी देना होगा शुल्क
अटल टनल से बाहर निकलते ही सिस्सू, केलांग, लेह, पांगी और किलाड़ की तरफ जाने वाले बाहरी वाहनों के साथ सैलानियों को टैक्स चुकाना पड़ता है। अब प्रशासन ने साडा के नाम पर कोकसर, स्पीति ओर रोहतांग दर्रा की तरफ जाने वाले सैलानियों के वाहनों से फीस लेनी शुरू कर दी है। प्रशासन ने गुफा होटल में भी बैरियर स्थापित किया है। अतिरिक्त उपायुक्त रोहित शर्मा ने कहा कि प्रशासन ने गुफा होटल में भी साडा विकास शुल्क बैरियर स्थापित किया है। इससे एकत्रित होने वाले पैसे से पूरे इलाके में पर्यटन से जुडे़ संसधान मजबूत किए जाएंगे।