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Himachal News: शिमला में सचिवालय के पास दृष्टिबाधितों ने फिर किया चक्का जाम, पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर हटाया

Tue, 22 Oct 2024 09:42 PM IST
Krishan Singh अमर उजाला ब्यूरो, शिमला

सार

सचिवालय के समीप मंगलवार सुबह दृष्टि बाधित संघ ने जोरदार प्रदर्शन किया। साथ ही सचिवालय से कुछ दूरी पर सड़क पर सुबह 11:00 से 11:30 बजे तक चक्का जाम किया।
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शिमला में राज्य सचिवालय के बाहर चक्का जाम करते दृष्टिबाधित लोगों को हटाती पुलिस। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
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विस्तार
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कैबिनेट बैठक से पहले मंगलवार सुबह 11 से साढ़े 11 बजे तक दृष्टि बाधितों ने मांगों को लेकर सचिवालय के पास चक्का जाम किया। बैकलॉग की भर्तियां शुरू करने की मांग को लेकर डेढ़ साल से संघ संघर्षरत है। उन्होंने छोटा शिमला में संजौली जाने वाले बस स्टॉप के पास सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इससे कार्ट रोड पर ट्रैफिक जाम हो गया। संजौली से टॉलैंड तक वाहनों की कतारें लगी रहीं। इस दौरान पुलिस और दृष्टिबाधितों के बीच हल्की धक्का-मुक्की भी हुई। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर दृष्टि बाधितों को सड़क के एक किनारे में एकत्र कर वाहनों की आवाजाही सुचारू करवाई।

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प्रदर्शनकारियों ने मुख्यमंत्री, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री धनीराम शांडिल, पुलिस प्रशासन सहित कांग्रेस हाईकमान के खिलाफ नारेबाजी कर रोष जताया। दृष्टि बाधित बेरोजगार एक साल से शिमला में धरने पर बैठे हुए हैं और बैकलॉग कोटे के सभी पद एकमुश्त भरने की मांग कर रहे हैं। सरकारी नौकरी की मांग को लेकर इससे पहले भी दृष्टिबाधित बेरोजगार कई बार सचिवालय के बाहर प्रदर्शन कर चुके हैं।

दृष्टिबाधितों का आरोप है कि उन्हें बार-बार आश्वासन दिए जा रहे हैं, लेकिन नौकरी नहीं दी जा रही। इससे उनके सब्र का बांध टूटता जा रहा है। उन्हें बार-बार धोखा दिया जा रहा है। दृष्टिबाधित संघ के अध्यक्ष राजेश ठाकुर ने बताया कि वह सभी लंबे वक्त से बैकलॉग भर्ती का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस उनके एक साथी को गाड़ी में उठाकर ले गई है और पुलिस अफसर धमकी दे रहे हैं। साल 1995 के बाद से लेकर अब तक भर्ती नहीं हुई है। दृष्टिबाधित संघ को धरना देते हुए 350 से ज्यादा दिन का वक्त बीत गया है। मगर सरकार के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही।
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