अकसर कई बार रात के समय वाहन चालक डिपर का इस्तेमाल नहीं करते हैं। ऐसे में विपरीत दिशा से आ रही गाड़ी के चालक के चेहरे पर प्रकाश पड़ता है और गाड़ी अनियंत्रित होकर दुर्घटनाग्रस्त हो जाती है। जिससे लोगों की जान चली जाती है।
छात्राओं ने सिंगल यूज प्लास्टिक बोतल को लेकर भी एक मॉडल तैयार किया है। इस प्लास्टिक को एक ब्लेड से काटकर कूड़ेदान बनाए जा सकते हैं, जिन्हें बेचकर स्वरोजगार अपनाया जा सकता है। स्कूल की गाइड टीचर शिवम पुरी ने बताया कि इस मॉडल के लिए छात्राओं ने बहुत मेहनत की है।
छात्राओं ने बताया कि एलडीआर सिस्टम का इस्तेमाल करके एक ऐसा सर्किट बनाया जा सकता है जो प्रकाश होने पर सप्लाई बंद कर देता है और अंधेरा होने पर सप्लाई ऑन कर देता है।