बाबा रामदेव पर हिमाचल सरकार खास मेहरबानी दिखा रही है। विभिन्न जिलों से भरे गए पतंजलि कंपनी के उत्पादों की रिपोर्ट एक माह से अधिक समय बीतने के बाद भी नहीं आई है। सैंपल भरने के 14 दिनों के भीतर सैंपल रिपोर्ट आनी चाहिए।
लेकिन, हिमाचल सरकार सैंपल रिपोर्ट को लेकर गंभीर नहीं है। कंपोजिट टेस्टिंग लैब कंडाघाट में दवाओं और खाद्य पदार्थों की जांच की जाती है। खाद्य सुरक्षा एवं विनियमन निदेशालय सैंपलों की जांच कंडाघाट लैब में करवाती है।
लेकिन लैब की सुस्त कार्यप्रणाली के चलते तय समय के भीतर रिपोर्ट नहीं आ पा रही है। राज्य सरकार के आदेशों के बाद ही खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने ऊना, शिमला, सोलन, नाहन, मंडी, बिलासपुर और कुल्लू जिलों में छापामारी कर पतंजलि कंपनी की दुकानों से खाद्य उत्पादों के 28 सैंपल भरे थे।