मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के बयान पर कांग्रेस अध्यक्ष सुखविंद्र सुक्खू ने चुप्पी साध ली है। मुख्यमंत्री ने कहा था कि वह रथ यात्रा व पथ यात्रा पर विश्वास नहीं करते हैं। उन्होंने यह भी कहा था कि संगठन में अध्यक्ष पद चुनाव से होना चाहिए न कि मनोनयन से।
मुख्यमंत्री के इस बयान पर सोमवार को चिंतपूर्णी पहुंचे कांग्रेस अध्यक्ष सुक्खू से सवाल किए गए तो वे केवल नो कमेंट कहकर चले गए। उन्होंने मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के किसी भी बयान पर कोई भी प्रतिक्रिया देने से साफ इंकार कर दिया।
यह बात उन्होंने चिंतपूर्णी मंदिर में माथा टेकने के दौरान कही। उन्होंने कहा कि आने वाले चुनावों में पार्टी एकजुट होकर काम करेगी व हिमाचल में कांग्रेस की सरकार बनेगी। चिंतपूर्णी मंदिर शीश नवाने के बाद प्रदेशाध्यक्ष धर्मशाला महंता गद्दी में माथा टेकने भी गए।
इस अवसर पर उनकी धर्मपत्नी कमलेश ठाकुर, सचिव प्रदेश कांग्रेस कमेटी लवली पराशर, विक्रम शर्मा डिक्की, राकेश चौधरी, जिला परिषद सदस्य मोहन लाल, बलबिंद्र सिंह, निशान, प्रदेश यूथ कांग्रेस सचिव अंकुश कालिया, ब्लॉक यूथ कांग्रेस के प्रधान रोहन कालिया व अन्य कांग्रेस कार्यकर्ता भी मौजूद थे।