लॉकडाउन के बीच कर्नाटक में फंसे हिमाचलियों को लेकर पहली ट्रेन बुधवार दोपहर एक बजे ऊना पहुंची। प्लेटफार्म पर तैनात पुलिस जवानों और अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों ने जोरदार तालियों के साथ सभी लोगों का घर वापसी पर स्वागत किया। उपायुक्त संदीप कुमार ने सबसे आगे खड़े होकर अभिनंदन किया। यात्रियों ने भी हाथ हिलाकर अभिवादन स्वीकार किया।
डीसी ने बताया कि बुधवार को 643 यात्री ऊना पहुंचे। इनमें चंबा के 131, मंडी 58, बिलासपुर 22, कांगड़ा 157, शिमला 73, किन्नौर 5, सोलन 59, कुल्लू 20, सिरमौर 14, हमीरपुर 84 और ऊना के 19 यात्री शामिल हैं। रेलवे स्टेशन पर यात्रियों को जिलावार उतारा गया। इन्हें एचआरटीसी बसों में उनके जिलों के लिए रवाना किया गया। सबसे पहले चंबा जिले के यात्री उतारे गए।
सामाजिक दूरी के नियम का पालन करते हुए इन्हें हेल्पडेस्क की ओर लाया गया। यात्रियों के हाथ सैनिटाइज किए गए, थर्मल स्कैनर से स्क्रीनिंग की गई और उन्हें खाने की सामग्री तथा पानी की बोतलें देकर रवाना किया गया। फिर कांगड़ा, शिमला, किन्नौर, सोलन, सिरमौर, कुल्लू, मंडी, बिलासपुर, हमीरपुर और अंत में ऊना जिले के यात्री उतारे गए।
इस दौरान एसपी कार्तिकेयन गोकुलचंद्रन, एडीसी अरिंदम चौधरी, एएसपी विनोद धीमान तथा अन्य अधिकारी व्यवस्था में तैनात कर्मचारियों व अधिकारियों को दिशा-निर्देश देते रहे। प्लेटफार्म पर यात्रियों की सुविधा को व्हील चेयर्स का इंतजाम किया गया था। सभी लोगों को जिलों के बॉर्डर पर क्वारंटीन किया गया।
रेलवे स्टेशन क्षेत्र में बनाए गए 8 सेक्टर
रेलवे स्टेशन क्षेत्र में व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त रखने को 8 सेक्टर बनाए गए थे। हर सेक्टर में एक अधिकारी तैनात था। दस एनसीसी वालंटियर्स के साथ लगभग 150 कर्मचारी तैनात किए थे। भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई थी।