नवंबर में धर्मशाला में प्रस्तावित ग्लोबल इन्वेस्टर मीट में सरकार कला संस्कृति और योग सहित खेलकूद पर विशेष ध्यान देगी। इस क्षेत्र में युवाओं को प्रशिक्षण के लिए निवेशक लुभाने का प्रयास किया जा रहा है।
निवेशक सम्मेलन के माध्यम से दस आवासीय स्कूल और दस विश्व स्तरीय आवासीय महाविद्यालय एवं विश्वविद्यालय में कला, संस्कृति, योग सहित खेलकूद के क्षेत्र को विशेष तवज्जो दी जाएगी। इस क्षेत्र में निवेशकों के लिए शिक्षा विभाग के माध्यम से प्रस्ताव तैयार किया गया है। प्रपोजल में निवेशकों को इस क्षेत्र में निवेश के लिए दी जाने वाली सुविधाओं और इस क्षेत्र में संभावनाओं के बारे में जानकारी दी गई है।
इन संस्थानों पर रहेगा फोकस
पीपीपी मोड पर आवासीय स्कूल, एनआईएफटी, शोध एवं विकास, पारंपरिक ज्ञान, नए कोर्स के साथ विवि, लॉ, आर्ट, खेलकूद, वाणिज्य और भाषा महाविद्यालय, तकनीकी आधार शिक्षा के लिए संस्थान, हाई एप्टीट्यूड स्पोर्ट्स ट्रेनिंग सेंटर, शूटिंग रेंज सहित अन्य क्षेत्र से संबंधित संस्थान शामिल हैं।
सरकार के अनुसार इन विषयों में संभावनाएं
फाइन आर्ट, परफॉर्मिंग आर्ट, योग स्टडीज, जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन, स्पोर्ट्स एंड फिजिकल एजूकेशन एंड मैनेजमेंट, हाई एल्टीट्यूड ट्रेनिंग, ट्रेडिशनल नॉलेज, साइंस इंस्ट्रूमेंटेशन सेंटर, कॉमर्स, फाइनांस एंड मैनेजमेंट स्टडीज, सॉफ्ट स्किल एंड पर्सनैलिटी, इंस्टीट्यूट ऑफ डिजिटल लर्निंग/एम-लर्निंग और ई-लर्निंग, इंस्टीट्यूशन ऑफ डिजिटल एजूकेशन सॉल्यूशन में संभावनाएं हैं।
शिक्षा और खेलकूद के क्षेत्र में प्रदेश में संभावनाएं हैं। इनको ध्यान में रखते हुए विभिन्न प्रशिक्षण कोर्स के लिए संस्थान खोलने के लिए निवेशकों के लिए प्रपोजल तैयार किया गया है। प्रदेश में संस्थान खोलने के लिए निवेशकों को सरकार सुविधाएं देगी।
- सुरेश भारद्वाज, शिक्षा मंत्री हिमाचल सरकार