लोगों की सुविधा के लिए पुल का उद्घाटन कर लौटे सीएम वीरभद्र सिंह का कुछ लोगों ने बड़ा अपमान कर दिया। पुलिस ने इनके खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। दरअसल मामला हिमाचल के नाहन का है।
यहां जिला मुख्यालय के कोलर में जलमूसा खड्ड पर बने पुल की उद्घाटन पट्टिका को सात दिन बाद ही शरारती तत्व उखाड़ ले गए हैं। 11 जुलाई को मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने इस पुल का लोकार्पण किया था। इस पुल से गांव के हजारों लोगों को सुविधा मिलने वाली है।
मगर कुछ शरारती तत्व पुलिस से बेखौफ होकर ये पट्टिका उखाड़ ले गए। प्रशासन व पुलिस को पता नहीं कि ये काम किसने कर दिया। हिमाचल में हाल ही में इस तरह की ये पहली घटना है। पांच साल पहले तत्कालीन मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल ने इस पुल का शिलान्यास किया था। शिलान्यास पट्टिका को शरारती तत्वों ने नुकसान नहीं पहुंचाया है।
पहले बिंदल ने भी रोका था सीएम का काफिला
पांवटा राजपूत सभा और कांग्रेस ने कड़ी आपत्ति जाहिर कर कार्रवाई की मांग की है। एसडीओ लोनिवि धौलाकुआं की शिकायत पर पांवटा पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की छानबीन शुरू कर दी है।
पांवटा राजपूत इकाई अध्यक्ष डॉ. नरेश चौधरी, रौनकी राम, रामचंद्र, यादूराम, हरि सिंह, बलवंत, कुंदन सिंह, विमला देवी, पूर्व प्रधान अमरकांता, लक्ष्मीदत्त शर्मा, जोगिंद्र सिंह, हंसराज चौहान और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बताया कि सीएम की पट्टिका को एक साजिश के तहत उखाड़ा गया है।
डीएसपी पांवटा योगेश रोल्टा ने कहा कि मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बता दें कि सीएम के नाहन दौरे के दौरान पीएचसी को लेकर भाजपा विधायक डॉ. राजीव बिंदल ने सीएम का काफिला रोका था। इस दौरान पुलिस के साथ हाथापाई भी हुई थी।