हिमाचल की सिरमौर पुलिस और महिला एवं बाल कल्याण विभाग की टीम ने माजरा में चल रहे बाल विवाह को रुकवा दिया। माजरा की बंगाला बस्ती में एक नाबालिग लड़के (12 वर्ष) का विवाह लगभग 18 साल की युवती के साथ करवाने की तैयारी चल रही थी।
सुबह उसकी बारात निकलनी थी, लेकिन ऐन मौके पर पहुंच कर पुलिस ने शादी रूकवा दिया। एसपी सौम्या सांबशिवन स्वयं मौके पर पहुंची। उन्होंने परिजनों को समझा कर शादी रुकवाई। पुलिस ने दुल्हा और दुल्हन दोनों के पिता को गिरफ्तार कर लिया है।
जानकारी के अनुसार माजरा की बंगाला बस्ती में बाल विवाह था। वीरवार को बारात जानी थी। इसके लिए बस्ती में ही शादी की रस्म होनी थी, लेकिन ऐन मौके पर संयुक्त टीम ने शादी को रुकवा दिया। महिला एवं बाल कल्याण विभाग को इसकी सूचना मिल गई।
उसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस अधीक्षक सौम्या सांबशिवन, सीडीपीओ पांवटा रूपेश और जिला बाल संरक्षण इकाई की टीम मौके पर पहुंची और परिजनों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि वहां पर कुछ समय के लिए हंगामा भी हुआ, लेकिन परिजन मान गए।
एसपी सौम्या के अनुसार जिस बच्चे की शादी हो रही थी उसकी उम्र 12 वर्ष है। जबकि लड़की की उम्र का पूरा पता नहीं लग सका है। वह 18-19 वर्ष की प्रतीत हो रही है। लड़का स्थानीय है जबकि लड़की हरियाणा के कुरूक्षेत्र की है।
इस मामले में पुलिस ने लड़के और लड़की दोनों के पिता को गिरफ्तार कर लिया है। उधर, सीडीपीओ पांवटा साहिब रुपेश ने बताया कि विभाग को इसकी जानकारी मिली थी। उसके बाद पुलिस को सूचना दी गई और यह कार्रवाई की गई। पुलिस, बाल संरक्षण इकाई और उनकी टीम मौके पर मौजूद रही।