प्रदेश में लचर स्वास्थ्य सेवाओं के कारण लाहौल घाटी में
दो गर्भवती महिलाओं की जिंदगी खतरे में पड़ गई है। मेडिकल रिपोर्ट के आधार
पर एसडीएम उदयपुर ने राज्य सरकार को तत्काल आपातकालीन हेलीकॉप्टर उड़ान के
लिए फैक्स भेजा है।
शांशा अस्पताल में तैनात डॉक्टर प्रीतम ने बताया कि
शैनूर गांव की गर्भवती महिला विमला करीब उन्नीस सप्ताह से गर्भवती थी
लेकिन, किसी कारणवश महिला का गर्भपात हो गया है। जिस कारण काफी मात्रा में
ब्लीडिंग होने से उनके शरीर में महज 4 ग्राम हिमोग्लोबिन रह गया है।
जबकि
किशोरी गांव की एक और गर्भवती महिला विमला भी गर्भपात की शिकार हो गई है।
उदयपुर में तैनात डॉक्टर रवि ने बताया कि विमला को कुल्लू रेफर कर दिया गया
है। एसडीएम डॉ. अमित गुलेरिया ने बताया कि दोनों महिलाओं की मेडिकल
रिपोर्ट के आधार पर उन्होंने राज्य सरकार से आपातकालीन हेलीकॉप्टर उड़ान की
मांग की है।
कुल्लू में तैनात उड़ान प्रभारी योगराज धीमान ने बताया कि
जीएडी से बारिंग और उदयपुर के लिए बुधवार को एक संयुक्त उड़ान के लिए हरी
झंडी मिली है। मौसम साफ रहा तो बुधवार को दोनों मरीजों को हेलीकॉप्टर से
कुल्लू लाया जाएगा।