हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) की कंडक्टर भर्ती में हुए घोटाले के बाद एक और बड़ा मामला सामने आया है। भर्ती कमेटी के अध्यक्ष बने मुख्य महाप्रबंधक को टेलीफोन पर ही सेवा विस्तार दिया गया है, जबकि एचआरटीसी में किसी भी अधिकारी व
कर्मचारी को सेवा विस्तार देने का कोई नियम ही नहीं है। इसका खुलासा आरटीआई से मिली सूचना में हुआ है। इसमें बताया गया कि सेवा विस्तार को लेकर न तो निदेशक मंडल में प्रस्ताव डाला गया और न ही कैबिनेट में। यह सूचना हिमाचल परिवहन मजदूर संघ के प्रदेशाध्यक्ष शंकर सिंह ठाकुर ने प्राप्त की है।