फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सीबीआई जांच: छात्रवृत्ति घोटाले में एक शिक्षण संस्थान पर कार्रवाई की तैयारी

Tue, 05 Apr 2022 05:00 AM IST
अरविन्द ठाकुर अमर उजाला ब्यूरो, शिमला

सार

छात्रवृत्ति हड़पकर एक संस्थान ने शराब की फैक्टरी में पैसा लगाया है, जबकि एक ने होटल भी खरीदा है। सीबीआई हिमाचल प्रदेश समेत पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ के कुल 27 निजी शिक्षण संस्थानों के खिलाफ छात्रवृत्ति घोटाले की जांच कर रही है।
विज्ञापन
छात्रवृत्ति घोटाला- सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

250 करोड़ रुपये के बहुचर्चित छात्रवृत्ति घोटाले में एक और संस्थान ने छात्रवृत्ति हड़पकर संपत्ति बनाई है। यह निजी शिक्षण संस्थान पंजाब का बताया जा रहा है। मनी लॉन्ड्रिंग के चलते सीबीआई की ओर से यह मामला जांच के लिए प्रवर्तन निदेशालय में भेजा जा रहा है। ईडी ने हाल ही में जिला ऊना के एक शिक्षण संस्थान के खिलाफ कार्रवाई कर 4.42 करोड़ रुपये की संपत्ति को अटैच किया है। अगर मामला ईडी के पास जाता है तो यह दूसरी कार्रवाई होगी। 

विज्ञापन


सूत्रों का कहना है कि छात्रवृत्ति हड़पकर एक संस्थान ने शराब की फैक्टरी में पैसा लगाया है, जबकि एक ने होटल भी खरीदा है। सीबीआई हिमाचल प्रदेश समेत पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ के कुल 27 निजी शिक्षण संस्थानों के खिलाफ छात्रवृत्ति घोटाले की जांच कर रही है। कोर्ट में 11 संस्थानों के मालिकों और कर्मचारियों के खिलाफ तीन आरोप पत्र भी दायर हो चुके हैं।

सीबीआई वित्तीय वर्ष 2013-14 से 2016-17 के दौरान प्रदेश में छात्रवृत्ति घोटाले की जांच कर रही है। आरोप है कि शिक्षा विभाग और बैंक अधिकारियों के साथ मिलकर इस बाबत साजिश रची गई है। इन निजी शिक्षण संस्थानों पर आरोप है कि यह छात्रों को छात्रवृत्ति देने के बजाय खुद हड़प लेते थे। इस पैसे का इस्तेमाल जमीन खरीद फरोख्त और भवन निर्माण में किया गया है। 
विज्ञापन


अभी केसी एजूकेशनल पंडोगा के खिलाफ हुई है कार्रवाई
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने अभी जिला ऊना के केसी एजूकेशनल एंड वेलफेयर सोसायटी पंडोगा की मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत करोड़ों की संपत्ति अटैच की है। सीबीआई ने छात्रवृत्ति घोटाले में केसी ग्रुप समेत कई संस्थानों पर मामला दर्ज किया है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें