वहीं, देवभूमि क्षत्रिय संगठन के अध्यक्ष रुमित ठाकुर, देवभूमि सवर्ण संगठन के अध्यक्ष मदन ठाकुर और एक अन्य नेता दीपक की गिरफ्तारी के बाद दूसरे दिन भी प्रदेश में माहौल गरमाया रहा। रुमित ठाकुर की पत्नी शिवानी रघुवंशी ठाकुर ने सोशल मीडिया पर कहा कि रुमित ठाकुर और अन्य दोनों नेताओं को आंदोलन दबाने के लिए गिरफ्तार किया गया है। पथराव के समय वे लोग मौजूद नहीं थे। न धक्कामुक्की के वक्त ही वहां थेे।
वे लोगों से लगातार अपील करते रहे। यहां तक कहा कि पत्थर बरसाने हैं तो उन पर बरसाएं। शिवानी ने पूछा कि जो लोग मरने-मारने के लिए तैयार रहने की बात कर रहे थे, वे आज कहां हैं। उन्होंने कहा कि सवर्णों की एकता और अखंडता पर जो प्रश्न चिन्ह लगा है, उसका लाभ सरकार ने उठाया है। पर संगठन टूटा नहीं है। यह आज भी सवर्णों के लिए काम करेगा और कल भी कर रहा था।