भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती ने उद्योग मंत्री मुकेश अग्निहोत्री के आरोपों को कड़ा जवाब दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि हताशा, निराशा और कुंठा में भाजपा नहीं बल्कि कांग्रेस के मंत्री और विधायक डूबे हुए हैं।
उन्हें एक ऐसे मुख्यमंत्री के अधीन कार्य करना पड़ रहा है, जो आकंठ भ्रष्टाचार के दलदल में डूबे हुए हैं। खुद को भ्रष्टाचार के केसों से बचाने के लिए आये दिन दिल्ली की दौड़ लगा रहे हैं।
सवाल है कि आखिर क्यों मुख्यमंत्री के प्रतिनिधि बार बार सीबीआई के अधिकारियों से मिले? उन्होंने कहा कि भाजपा को कभी षड्यंत्र रचने की जरूरत नहीं पड़ी। उनके और उनके परिवार के कारनामों ने ही उन्हें कानून की दहलीज पर खड़ा कर रख दिया है।
मुकेश अग्निहोत्री से प्रश्न करते हुए कहा कि क्या यह सच नहीं है कि कैबिनेट की बैठक में एक मंत्री ने मुख्यमंत्री के करीबी मंत्री पर भ्रष्टाचार के संगीन आरोप लगाए हैं?
क्या यह सच नहीं है कि सीएम और उनके चहेते मंत्री से दुखी होकर एक संसदीय सचिव ने त्यागपत्र दिया? ऐसे में अगर कोई कुंठा, निराशा व हताशा में है तो वह कांग्रेस है, भाजपा नहीं।