नामी कंपनियों के 12 दवाओं के बैच टेस्टिंग में फेल हो गए हैं।
सोलन और सिरमौर में बनी दवाओं की देश भर में किरकिरी हो रही है। नामी कंपनियों के 12 दवाओं के बैच टेस्टिंग में फेल हो गए हैं। इसमें चार एंटीबायोटिक, दो गैस दर्द, स्टिरयाड, एंटी कोल्ड और आयरन की दवाएं शामिल हैं। 12 बैच में से 7 दवाओं के बैच का निर्माण सिरमौर में हुआ है।
सीडीएससीओ (केंद्रीय मानक नियंत्रण संगठन दवाओं) ने संबंधित दवाओं के बैच की बिक्री पर रोक लगा दी है। नोटिस जारी कर मैन्युफेक्चरिंग उद्योगों से जवाब मांगा है। डिस्ट्रीब्यूटर और केमिस्ट्स को एसएमएस से अवगत करवाया है।
दवा नियंत्रक नवनीत मरवाह ने बताया कि ड्रग्स अलर्ट जारी होने के बाद संबंधित कंपनियों को नोटिस जारी कर बैच प्रतिबंधित कर दिए हैं। सिरमौर के सात और बद्दी के पांच दवाओं के बैच फेल हुए हैं।
ये रही दवाओं की पूरी लिस्ट
चिकित्सकों के मुताबिक अधोमानक दवाओं से उनका असर कम होता है।
मार्च में जारी ड्रग अलर्ट में कोलकाता, जम्मू, गाजियाबाद, नागालैंड, आंध्रप्रदेश, मिजोरम, आसाम, लखिमपुर आदि से दवाओं के सैंपल उठाए गए हैं। इनकी जांच संबंधित क्षेत्रों की सरकारी लैब में हुई। पहले जनवरी की सैंपलिंग रिपोर्ट फरवरी में जारी हुई थी। इसमें 7 दवाओं के सैंपल अधोमानक निकले थे। ड्रग विभाग ने तमाम दवाओं की बिक्री पर प्रतिबंध लगा दिया था।
दवाएं बैच नंबर उद्योग
1-सीआईपी जोक्स एए 4137 बद्दी
2- प्रेडिनोसोल पीडी14ए07 कालाअंब
3-क्लोरोफेलेमाइन जीपीएल14325 कालाअंब
4-डिक्लोफेनिक सोड एलआरजेटी338 पांवटा
5-सेफिग्जाइम टीएक्स6806 सोलन
6- रोक्सी बेट150 टी140563 कालाअंब
7-एमिकेसिन एम2020 कालाअंब
8-वो मैक्स500 वी201 रामपुरघाट
9-पी-40 टैब पीएनटी15004 बद्दी
10-ट्राइजोल-आर जीएलएन150154 सोलन
11-आयरन सूक्रोज 315-411 पांवटा
12-आयरन सूक्रोज 315-411 पांवटा
ये निकली खामियां
चिकित्सकों के मुताबिक अधोमानक दवाओं से उनका असर कम होता है। नौ दवाओं में से क्लोरो-250 मिसब्रांडेड निकली हैं। अन्य दवाओं में कम घुलनशीलता, भार में असमानता पाई गई हैं। कुछ में अन्य खामियां निकली हैं।