नाहन मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस कर रहे चंडीगढ़ के रोहित कुमार को हर रोज कक्षाओं तक पहुंचने में दिक्कत हो रही है। फिजिकल हैंडीकैप कोटे में 181वां रैंक हासिल कर उन्हें नाहन मेडिकल कॉलेज में दाखिला तो मिला, लेकिन सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। न हॉस्टल की सुविधा और न ही अन्य।
कक्षाओं तक पहुंचाने को हर रोज तीन-चार लोगों का सहयोग लेना पड़ रहा है। यह सिलसिला डेढ़ महीने से चल रहा है। बीते मंगलवार को नाहन मेडिकल कॉलेज में मांगों का एक पत्र पिता बीएन प्रसाद ने स्वास्थ्य मंत्री विपिन परमार को सौंपा।
उन्होंने बताया कि वे अपनी समस्या के बारे में उन्हें कुछ बोलना भी चाह रहे थे, लेेकिन चंद सेकेंड के अलावा उनकी बात नहीं हो पाई। स्वास्थ्य मंत्री ने उन्हें सिर्फ इतना ही आश्वासन दिया कई सालों से यह सीढ़ियां ऐसी ही थीं। अब इन्हें ठीक किया जा रहा है।