प्रदेश सरकार हिमाचल में भी प्लास्टिक से सड़कें बनाने का प्रस्ताव तैयार कर रही है। लोक निर्माण विभाग इसके लिए शहरी विकास विभाग से प्लास्टिक लेगा और इसे सड़कों में इस्तेमाल करेगा। होटल होली डे होम में इसको लेकर कार्यशाला आयोजित की गई।
इसमें कंपनियों ने अपनी प्रस्तुतियां दीं। लोक निर्माण विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव मनीषा नंदा इस अवसर पर मौजूद रहीं। सूबे में पहले भी प्लास्टिक से सड़कें बनाने का ट्रायल हो चुका है।
तारकोल की अपेक्षा प्लास्टिक की सड़कें मजबूत मानी जाती हैं। लोक निर्माण विभाग का कहना है कि तारकोल वाली सड़कों का निर्माण सिर्फ गर्मी के मौसम में होता है। मार्च से लेकर अगस्त तक सड़कों की मेटलिंग की जाती है।
लेकिन प्लास्टिक से सड़कें बनाने का काम किसी भी मौसम में किया जा सकता है। इस अवसर पर कार्यशाला में लोक निर्माण विभाग के इंजीनियर और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।