लोनिवि कुल्लू के अधिशासी अभियंता एसके धीमान ने कहा कि मानसून की बारिश से बंद होने वाली सड़कों को समय पर पहले खोलने व लोगों को किसी तरह की मुश्किलें न हो, ऐसे में फील्ड में काम करने वाले कर्मियों की छुट्टियों पर रोक लगा दी है।
आईपीएच कुल्लू के अधिशासी अभियंता केआर कुल्लवी ने कहा कि बरसात में पानी की योजनाएं प्रभावित न हो, इसके लिए आईपीएच ने भी अपने कर्मचारियों के अवकाश पर एहतियातन रोक लगा दी है। सितंबर माह तक आपातकालीन स्थिति को छोड़कर किसी भी कर्मचारी को छुट्टी नहीं मिलेगी।
दो एनएच समेत 100 से अधिक सड़कें संवेदनशील
बरसात में भूस्खलन के लिहाज से जिला कुल्लू अति संवेदनशील है। एनएच-305 के साथ चंडीगढ़-मनाली हाईवे 3, मनाली-केलांग-लेह, ग्रांफू-काजा, लारजी-सैंज मार्ग कुल्लू-पीज, भुंतर-मणिकर्ण, बरशैणी, रोहाचला, कुठेड़-करशाला, छमाहण, बस्तोरी, जाणा, मलाणा के अलावा खराहल, लगवैली, मणिकर्ण, सैंज, आनी तथा बंजार इलाके की करीब 100 से अधिक ऐसी सड़कें हैं, जो बरसात में यातायात के लिए प्रभावित हो जाती हैं।