इससे पूर्व सिद्धू ने शक्तिपीठ श्री नयनादेवी मंदिर में दर्शन कर माता रानी का आशीर्वाद लेकर आरती में भाग लिया। सिद्धू ने विधिवत पूजा-अर्चना की और प्राचीन हवन कुंड में आहुतियां भी डालीं।
पुजारी प्रदीप शर्मा, अभिषेक गौतम, आदित्य गौतम, रिशु शर्मा, प्रभात शर्मा और अमित शर्मा ने उन्हें मंदिर न्यास की तरफ से माता की चुनरी व फोटो भेंट की। सिद्धू ने कहा कि उनसे बड़ा हिंदू और सिख भाईचारे का प्रतीक कोई और नहीं हो सकता।
उनकी माता हिंदू धर्म से और पिता सिख थे। लेकिन उनके परिवार में जहां पर शिव आराधना की जाती थी वहीं गुरुवाणी भी रोज होती थी। वह माता पिता के साथ कई बार माता नयनादेवी के दर्शनों के लिए पहुंचे हैं।