महिला जनवादी समिति का आरोप, अस्पताल को शिफ्ट कर विधायकों को फायदा देना चाहती है सरकार
महिलाओं ने कहा, सरकार मनमर्जी से ले रही है फैसले
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। कमला नेहरू अस्पताल से गायनी ओपीडी इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (आईजीएमसी) में शिफ्ट करने का महिलाओं ने विरोध किया है। केएनएच के बाहर सोमवार को महिलाओं ने प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। महिलाओं ने सरकार को चेतावनी दी अगर फैसला वापस नहीं लिया तो सड़कों पर उतरा जाएगा।
अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति के बैनर तले विभिन्न जगहों से आईं महिलाओं ने इस प्रदर्शन में शिरकत की। महिलाओं ने चिकित्सा अधीक्षक के माध्यम से मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू को ज्ञापन भी सौंपा। प्रदर्शन में शिमला शहर और इसके आसपास के क्षेत्रों की सैकड़ों महिलाओं ने हिस्सा लिया। महिलाओं ने कहा कि समस्याओं को सुनने के बजाय सरकार ने अपने अधिकारियों को ही छुट्टी पर भेज दिया है। सरकार मनमानी कर ओपीडी को शिफ्ट कर रही है।
समिति ने आरोप लगाया कि महिला अस्पताल को शिफ्ट कर विधायकों को फायदा देना चाहती है। केएनएच 102 साल पुराना प्रदेश का एकमात्र मातृ एवं शिशु अस्पताल है। यहां पर एक ही छत के नीचे महिलाओं को सभी सुविधाएं मिलती हैं। ओपीडी को आईजीएमसी में शिफ्ट कर दिया जाएगा तो सीधे तौर पर महिलाओं को प्राथमिकता के आधार पर स्वास्थ्य सुविधाएं नहीं मिलेंगी। आईजीएमसी में भी पार्किंग में ओपीडी को जगह दी है जो गलत है।
समिति की राज्य अध्यक्ष रंजना जरेट ने कहा कि महिलाओं को दी गईं सुविधाएं सरकार छीन रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री इस मामले की गंभीरता को समझे क्योंकि महिलाओं को प्रसव पीड़ा होती है तो उसे कितनी परेशानी झेलनी पड़ती है। समिति की राज्य सचिव फालमा चौहान ने कहा कि महिलाओं की परेशानियों को सरकार को समझना चाहिए। महिलाएं जब रोग से पीड़ित होती हैं तो उन्हें चलना तक मुश्किल हो जाता है।
महिलाएं बोलीं-सरकार का फैसला ही गलत
शिमला के दाड़नी का बगीचा की मीना ने बताया कि आईजीएमसी में पहले ही भीड़ है। अब गायनी ओपीडी को शिफ्ट करने के बाद महिलाओं को और परेशानी झेलनी पड़ेगी। अभी तक प्राथमिकता के आधार पर महिलाओं को केएनएच में उपचार मिलता था। सोलन की दीक्षा ने बताया कि महिलाओं के स्वास्थ्य के साथ सरकार सरेआम खेल रही है। अब यहां पर उपचार ही बंद कर देंगे तो महिलाएं कहां जाएंगी। दाड़नी का बगीचा की अंजना ने बताया कि आईजीएमसी में गायनी ओपीडी अभी तक बनी नहीं हैं। पुराने भवनों में काम चलाया जा रहा है। वहां पर महिला मरीजों के बैठने तक की व्यवस्था नहीं है। पार्किंग में गायनी ओपीडी चलाने की बात की जा रही है। शिमला की रेणू धवन ने कहा कि कमला नेहरू अस्पताल पुराने बस स्टैंड से काफी नजदीक है। साथ ही पैदल चलकर भी महिलाएं आसानी से अस्पताल पहुंच सकती हैं। दूसरी ओर आईजीएमसी को जाने वाला रास्ता काफी खराब है। यह केवल तुगलकी फरमान सरकार जारी कर रही है।