भारतीय उच्च अध्ययन संस्थान परिसर के बैक लॉन से हुए भूस्खलन से संस्थान के पूर्वी उत्तर भाग में दरारें और डंगा धंसने के पैदा हुए खतरे को देखते हुए राज्य भूवैज्ञानिक टीम निरीक्षण करेगी। उपायुक्त आदित्य नेगी ने राज्य भूवैज्ञानिक को पत्र लिखकर संस्थान का दौरा कर इसकी रिपोर्ट कार्यालय भेजने को कहा है। 19 अगस्त को उपायुक्त ने इस संदर्भ में राज्य भूवैज्ञानिक को इस संदर्भ में पत्र लिखा है। उपायुक्त ने कहा कि संस्थान के पास भूस्खलन की आशंका है। इससे नीचे की ओर रह रही आबादी और राहगीरों के लिए खतरा हो सकता है।
इसलिए उपायुक्त ने राज्य भूवैज्ञानिक से जल्द भारतीय उच्च अध्ययन संस्थान परिसर में बारिश और भूस्खलन से आई दरारों और खतरे का आकलन करने के लिए जल्द निरीक्षण करने की बात कही है। निरीक्षण की रिपोर्ट उपायुक्त कार्यालय को भेजे जाने को कहा है। 13 अगस्त को हुई भारी बारिश और 14 अगस्त को एडवांस स्टडीज के सामने भाग में जमीन करीब 150 से 200 मीटर धंस गई है, डंगे में दरारें भी आई है। संस्थान के बैक लॉन से ल्हासा गिरने से समरहिल के करीब शिव बावड़ी सहित नाले तक करीब डेढ़ किलोमीटर तक तबाही हुई थी।