उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री की अध्यक्षता में संसाधन जुटाने के लिए कैबिनेट सब कमेटी गठित की गई है। कमेटी की ओर से खर्च कम करने के लिए कई सुझाव दिए गए हैं। शिमला से सरकारी कार्यालयों को अन्य जिलों में शिफ्ट करने की सिफारिशें भी इसके तहत की गई है। शिमला में कई सरकारी कार्यालय निजी भवनों में चल रहे हैं। इन कार्यालयों को सरकारी भवनों में शिफ्ट किया जाना है। ऐसे में ऐसे निदेशालयों का चयन किया जा रहा है, जिन्हें दूसरे जिलों में शिफ्ट किया जाएगा।
उच्च शिक्षा निदेशालय के तहत कॉलेजों और विश्वविद्यालयों का जिम्मा दिया गया है। ऐसे में प्रस्ताव तैयार किया गया है कि इस निदेशालय को लोअर हिमाचल में शिफ्ट कर शिमला स्थित इसके भवन में किसी अन्य कार्यालय को लाया जाए। अधिकारियों का तर्क है कि अब तकनीक का इस्तेमाल कर किसी भी फाइल को एक क्लिक पर कहीं भी भेजा जा सकता है। ऐसे में शिमला में ही सभी कार्यालयों का होना अनिवार्य नहीं है।
प्रदेश के अन्य जिलों को भी अधिमान देने की कवायद
कांग्रेस सरकार राजधानी शिमला से बड़े कार्यालयों को अन्य जिलों में शिफ्ट कर दूसरे जिलों को भी अधिमान देना चाहती है। जिला कांगड़ा इसके लिए पहली प्राथमिकता में है। इसके अलावा हमीरपुर और मंडी में भी कार्यालय देने का विचार है। सरकार का तर्क है कि कार्यालय शिफ्ट करने से जहां शिमला में भीड़ कम होगी वहीं दूसरे जिलों की महत्वता भी बढ़ेगी।