जिला कलेक्टर एवं डीसी कांगड़ा सी. पालरासु ने अधिवक्ता प्रशांत भूषण के भू-सौदे को रद्द करते हुए उनके कंडवाड़ी स्थित संस्थान की 6.09 हेक्टेयर जमीन को सरकार में निहित करने के आदेश 17 सितंबर को दिए लेकिन 10 दिन बाद भी प्रशांत भूषण को जिला कलेक्टर के आदेश नहीं मिले हैं। तहसीलदार पालमपुर को भी ऑर्डर की लिखित कॉपी नहीं गई है।
उपायुक्त सी पालरासु कह रहे हैं कि उन्होंने दो-तीन दिन पहले ही आर्डर पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। दरअसल, जिला कलेक्टर की ओर से सुनाए गए फैसले की लिखित कॉपी मिलने के बाद ही प्रशांत भूषण फैसले के खिलाफ डिविजनल कमिश्नर के कोर्ट में याचिका दायर कर पाएंगे।
अब सवाल यह उठ रहा है कि फैसला सुनाने के 10 दिन बाद भी प्रशांत भूषण को ऑर्डर की लिखित कॉपी क्यों नहीं मिली। कुमुद भूषण एजुकेशन सोसाइटी के प्रवक्ता हिमांशु कुमार का कहना है कि अभी तक उन्हें ऑर्डर की लिखित कॉपी नहीं मिली है। तहसीलदार मनोज कुमार का कहना है कि उन्हें भी ऑर्डर की लिखित कॉपी नहीं मिली है।