इसके अलावा युवाओं, महिलाओं, किसानों, पर्यटकों के अलावा साहित्य, कला आदि पर केेंद्रित भी कई तरह के कार्यक्रम आते हैं। अब तक दूरदर्शन शिमला सेटेलाइट से नहीं, बल्कि एंटीना के माध्यम से प्रसारित होता है।
इसकी वजह से इसकी राज्य के तमाम क्षेत्रों में ठीक से पहुंच नहीं हो पा रही है। प्रसारण में भी सेटेलाइट चैनलों की तरह गुणवत्ता नहीं नजर आती है। अगर दूरदर्शन शिमला को सेटेलाइट से जोड़ दिया गया तो इसके प्रसारण में गुणवत्ता तो होगी ही।
साथ ही प्रदेश के कोने-कोने में ही नहीं, बल्कि देश-दुनिया भर में कहीं भी देखा जा सकेगा। दूरदर्शन शिमला के एक अधिकारी ने माना कि प्रसार भारती से स्टाफ, मौजूदा मशीनरी और इससे संबंधित तमाम तरह की जानकारियां मांगी गई हैं।