फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बजट घोषणाओं पर धूमल ने उठाए सवाल, पूछा-कहां से आएगा पैसा?

Sat, 11 Mar 2017 08:53 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
विज्ञापन
विज्ञापन
नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार धूमल ने कहा कि मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने चुनावी बजट में अनेकों घोषणाएं लागू करने की बात कही है, असलियत यह है कि होना कुछ नहीं है। जब इन योजनाओं को लागू करने की बारी आएगी, हिमाचल में चुनाव आचार संहिता लग जाएगी।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने हर वर्ग को गुमराह किया है। आगामी विधानसभा चुनाव में प्रदेश की जनता वीरभद्र सिंह को आइना दिखाएगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने जो बजट पेश किया है। उसमें 66 फीसदी फंड भारत सरकार, 22 फीसदी कर्जा और 12 फीसदी सरकार अपने स्तर पर खर्च करेगी।

मुख्यमंत्री ने साढ़े चार घंटे बजट भाषण पढ़ा। इतिहास में पहली बार इतना लंबा बजट भाषण पढ़ा गया है। यह सिर्फ समय की बर्बादी थी, बहुत कुछ पढ़ा लेकिन बजट में कुछ नहीं था। धूमल ने कहा कि हिमाचल में उप चुनाव का बिगुल बज गया है। वर्ष 2007 में जब सुजानपुर में उपचुनाव हुआ था, उसमें बीजेपी को विजय मिली थी।
विज्ञापन


अक्तूबर 2007 में चुनाव आचार संहिता लग गई थी। इसी बार भी वही वाली स्थिति बनी हुई है। निर्वाचन आयोग ने भोरंज विधानसभा क्षेत्र में उपचुनाव की घोषणा कर दी है। इस सीट पर भी भाजपा का उम्मीदवार विजयी होगी। उसके बाद हिमाचल के विधानसभा चुनाव में भी भाजपा विजय होकर अपनी सरकार बनाएगी।

10 लाख बेरोजगारों को चाहिए 600 करोड़ भत्ता, कहां से लाएंगे : धूमल
नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार ने बेरोजगारी भत्ते के एलान को जबरदस्ती का बखान बताया है। उन्होंने कहा कि इससे होना कुछ नहीं है। प्रदेश सरकार के पास बेरोजगार भत्ता देने की कोई गाइडलाइन नहीं है।

जब तक प्रदेश सरकार योजनाओं को क्रियान्वित करने लगेगी उतने में आचार संहिता लागू हो जाएगी। उन्होंने कहा कि 10 लाख बेरोजगारों को बेरोजगारी भत्ता देने के लिए सरकार को 600 करोड़ चाहिए जबकि सरकार ने बेरोजगारी भत्ते के लिए बजट में डेढ़ सौ करोड़ का प्रावधान किया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें