पवित्र मणिमहेश यात्रा के छोटे स्नान के लिए काफी तादाद में शिवभक्त उमड़ रहे हैं। हजारों की संख्या में श्रद्धालु जहां डलझील पर पहुंच चुके हैं। वहीं शनिवार देर शाम तक हजारों श्रद्धालुओं की आवाजाही लगी रही।
ये श्रद्धालु छोटे स्नान को डलझील में डुबकी लगाकर पूण्य प्राप्त करेंगे। मणिमहेश यात्रा का छोटा स्नान जनमाष्टमी पर्व पर 17 अगस्त को होगा। रविवार रात को आठ बजे जनमाष्टमी पर्व शुरू होगा। इसके बाद सोमवार सुबह तक चलेगा।
इसके लिए देश विदेश से काफी संख्या में श्रद्धालु उमड़े हुए हैं। इसमें जहां कुछ श्रद्धालु वाहनों के माध्यम से भरमौर पहुंच रहे हैं, वहीं प्रदेश के पड़ोसी जिला जेएंडके से पैदल आने श्रद्धालु भी रविवार तक डलझील पर पहुंचकर स्नान करने के बाद वापस लौटना शुरू हो जाएंगे।
स्नान करने से धुल जाते हैं सभी पाप
पंडित लक्ष्मणदत शर्मा ने बताया कि जन्माष्टमी पर्व रविवार रात को शुरू होगा और सोमवार सुबह तक चलेगा। उन्होने कहा कि इस पर्व पर डलझील में स्नान करने से पाप धुलते हैं और पूण्य प्राप्त होता है।
पहले मणिमहेश यात्रा के इस छोटे न्हौण जन्माष्टमी पर्व पर कम श्रद्धालु पहुंचते थे, लेकिन पिछले करीब दो दशक से जन्माष्टमी पर्व पर भी श्रद्धालुओं की काफी संख्या उमड़ने लगी है। इससे पहले जन्माष्टमी पर्व पर केवल साधु संत व योगी की स्नान करते थे।
इसके 15 दिन बाद होने वाले राधाष्टमी पर्व पर ही आम जनमानस स्नान कर सकता था, लेकिन अब दोनों पर्व पर काफी संख्या में श्रद्धालु उमड़ना शुरू होग गए हैं।