राजधानी शिमला का एक सामाजिक संगठन बहुचर्चित गुड़िया कांड की दोबारा जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट जाने की तैयारी में है। संगठन मदद सेवा ट्रस्ट के विकास थाप्टा ने दिल्ली में सुप्रीम कोर्ट के कुछ वकीलों व सामाजिक संगठनों के पदाधिकारियों से संपर्क कर सीबीआई की अब तक की जांच पर चर्चा की। थाप्टा ने बताया कि कुछ वकीलों से जांच में कुछ कमियां देखते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर करने की बात कही है।
माना जा रहा है कि सुप्रीम कोर्ट उन कमियों को देखते हुए दोबारा जांच के आदेश जारी कर सकती है। बता दें, शिमला के कोटखाई की गुड़िया की दुष्कर्म के बाद हत्या हो गई थी। उसका शव दांदी के जंगल में मिला था। शुरू में हिमाचल पुलिस की एसआईटी ने जांच की लेकिन मामले में सूरज समेत छह आरोपियों को गिरफ्तार कर केस खोलने का दावा कर दिया। इसी दौरान सूरज की लॉकअप में हत्या हो गई और हाईकोर्ट ने सीबीआई जांच के आदेश दे दिए।
सीबीआई ने सूरज हत्याकांड में आईजी जहूर जैदी समेत नौ पुलिस कर्मियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में चार्जशीट भी दाखिल कर दी। मामला कोर्ट में विचाराधीन है जबकि गुड़िया कांड की जांच अभी भी जारी है। लेकिन सीबीआई की अब तक की जांच पर गुड़िया के परिजनाें से लेकर विधि विशेषज्ञ तक सवाल उठा चुके हैं।