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Himachal: राज्यसभा सांसद अनुराग पर संपत्तियों का पूरा ब्योरा नहीं देने का आरोप, हाईकोर्ट में याचिका दायर

Wed, 25 Mar 2026 05:37 PM IST
Krishan Singh संवाद न्यूज एजेंसी, शिमला।

सार

 हाईकोर्ट में राज्यसभा सांसद अनुराग शर्मा के खिलाफ नामांकन के दौरान अपनी संपत्तियों का पूरा ब्योरा न देने और गलत हलफनामा दाखिल करने को लेकर जनहित याचिका दायर की गई है। 
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सांसद अनुराग शर्मा। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट में राज्यसभा सांसद अनुराग शर्मा के खिलाफ नामांकन के दौरान अपनी संपत्तियों का पूरा ब्योरा न देने और गलत हलफनामा दाखिल करने को लेकर जनहित याचिका दायर की गई है। इसे लेकर हाईकोर्ट में बुधवार को सुनवाई हुई। मुख्य न्यायाधीश गुरमीत सिंह संधावालिया और न्यायाधीश बिपिन चंद्र नेगी की खंडपीठ ने प्रतिवादी हिमाचल सरकार, चुनाव आयोग और राज्यसभा सांसद अनुराग को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। खंडपीठ ने याचिकाकर्ता से पूछा कि इसे लेकर इलेक्शन पिटीशन दायर क्यों नहीं की गई। याचिकाकर्ता ने अदालत को बताया कि चुनाव याचिका केवल प्रतिद्वंद्वी उम्मीदवार ही दायर कर सकता है। मामले की अगली सुनवाई 21 मई को होगी।

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अधिवक्ता विनय शर्मा की ओर से दायर जनहित याचिका में बताया गया है कि 7 मार्च को राज्यसभा के लिए निर्वाचित घोषित किए गए अनुराग शर्मा ने नामांकन के साथ जमा किए गए हलफनामे में अपनी सभी संपत्तियों की पूरी जानकारी नहीं दी है। आरोप लगाया गया है कि नामांकन दाखिल करते समय अनुराग सरकारी ठेकेदार के रूप में भी काम कर रहे थे। उनके नाम पर लोक निर्माण विभाग के करोड़ों के ठेके चल रहे थे, जिनके काम जारी थे। जनप्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 9 ए के अनुसार अगर किसी व्यक्ति का सरकार के साथ सक्रिय अनुबंध होता है, तो वह चुनाव लड़ने के लिए अयोग्य ठहराया जा सकता है। अगर कोई उम्मीदवार जानबूझकर जानकारी छिपाता है, तो इसे कानून का उल्लंघन माना जाता है। याचिकाकर्ता ने मामले में चुनाव आयोग, राज्यसभा सचिवालय, विधानसभा के रिटर्निंग ऑफिसर और सांसद अनुराग को पार्टी बनाया है।
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