प्रशासन ने संजौली-आईजीएमसी और नवबहार-आईजीएमसी रोड पर वाहनों की एंट्री पर रोक के बाद अस्थाई तौर पर डाक्टरों को इमरजेंसी में आईजीएमसी तक गाड़ी लाने में छूट दे दी है।
ट्रैफिक पुलिस 10 दिन तक इमरजेंसी में आईजीएमसी आने वाले डाक्टरों की गाड़ियों के चालान नहीं करेगी। हालांकि 10 दिन के भीतर यदि डाक्टरों ने अपनी गाड़ियों के परमिट नहीं बनाए तो फिर से चालान कटेंगे।
राजधानी शिमला में जिला प्रशासन के निर्देशों के बाद आईजीएमसी रोड पर वाहनों की आवाजाही बंद कर दी है। सड़क किनारे पार्किंग पर भी रोक है। सड़क बंद होने से आपातकाल में डाक्टरों को अस्पताल पहुंचना मुश्किल हो रहा था।
अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद ट्रैफिक पुलिस ने अस्थाई तौर पर डाक्टरों की गाड़ियों को इमरजेंसी में अस्पताल तक लाने की छूट दी है।
डीएसपी ट्रैफिक दिनेश शर्मा ने कहा कि परमिट बनाने को दस दिन का समय दिया है। यदि इमरजेंसी में गाड़ियां आती हैं तो चालान नहीं कटेंगे।